![]()
कैमूर में आगामी गर्मी के मौसम में ग्रामीणों को पेयजल की समस्या से बचाने के लिए जिला प्रशासन और लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (पीएचईडी) ने पहल की है। जिलाधिकारी नितिन कुमार सिंह और पीएचईडी के कार्यपालक अभियंता रवि रंजन प्रकाश ने संयुक्त रूप से 2164 बंद पड़े चापाकलों की मरम्मत के लिए विशेष दल को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अभियान के तहत जिले के सभी प्रखंडों में एक-एक वाहन आधारित मरम्मत दल भेजा गया है। प्रत्येक दल में आवश्यक मरम्मत सामग्री जैसे पाइप, छड़, वाशर के साथ 3-4 मिस्त्री और मजदूर शामिल हैं। इन दलों ने तुरंत कार्य शुरू कर बंद चापाकलों को चालू करने का काम शुरू कर दिया है। पहाड़ी इलाकों, विशेषकर अधौरा प्रखंड में, सर्वेक्षण के बाद मरम्मत कार्य किया जा रहा है। 2164 बंद चापाकलों को पूरी तरह से चालू करने का लक्ष्य कार्यपालक अभियंता रवि रंजन प्रकाश ने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में सभी 2164 बंद चापाकलों को पूरी तरह से चालू करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने यह भी बताया कि गर्मी में जल स्तर नीचे जाने की स्थिति में जहां आवश्यक होगा, वहां पाइप बढ़ाने की व्यवस्था की गई है। सभी चापाकलों को एक महीने के भीतर दुरुस्त कर लिया जाएगा। जनता की सुविधा के लिए एक नियंत्रण कक्ष भी सक्रिय किया गया है। पेयजल संबंधी शिकायतें दर्ज कराने के लिए टोल-फ्री/नियंत्रण कक्ष नंबर 06189-223445 जारी किया गया है। आम नागरिक फोन कर अपनी समस्या बता सकते हैं, जिस पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
कैमूर में 2164 बंद चापाकलों की मरम्मत शुरू:जिलाधिकारी ने 11 गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया
Date:




