बिहार में बिना लाइसेंस मांस-मछली दुकानों पर सख्ती, मंदिर-स्कूल के पास दुकान तो खैर नहीं, जानें नया नियम

Date:

बिहार में बिना लाइसेंस मांस-मछली दुकानों पर सख्ती, मंदिर-स्कूल के पास दुकान तो खैर नहीं, जानें नया नियम

Bihar News: बिहार के शहरी इलाकों में अब मांस और मछली की दुकानों के लिए नियम कायदे पूरी तरह बदलने वाले हैं. राज्य सरकार के नगर विकास एवं आवास विभाग ने अवैध तरीके से चल रही दुकानों के खिलाफ आदेश दे दिया है.

प्रधान सचिव विनय कुमार के कड़े पत्र ने राज्य के सभी 261 नगर निकायों में हड़कंप मचा दिया है. अब शहर की सड़कों पर न तो खुले में मांस लटका दिखेगा और न ही बिना अनुमति के कोई दुकान चल पाएगी. स्वच्छता मानकों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ बिहार नगरपालिका अधिनियम 2007 की धारा 345 के तहत सीधी कार्रवाई की जाएगी.

राज्य के कई शहरों, खासकर राजधानी पटना में निरीक्षण अभियान शुरू कर दिया गया है. प्रशासन का कहना है कि यह कदम सार्वजनिक स्वास्थ्य, शहरी स्वच्छता और सामाजिक संतुलन बनाए रखने के लिए जरूरी है.

मंदिर, स्कूल और भीड़भाड़ वाले इलाकों पर विशेष निगरानी

सरकार के संज्ञान में आया है कि कई दुकानें धार्मिक स्थलों, स्कूल-कॉलेजों और संवेदनशील सार्वजनिक स्थानों के बेहद करीब संचालित हो रही हैं. विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि ऐसे क्षेत्रों में दुकानें न तो लाइसेंस प्राप्त कर सकेंगी और न ही चलने दी जाएंगी. नगर निकायों को इन दुकानों की पहचान कर हटाने का जिम्मा सौंपा गया है.

सड़क किनारे खुले में मांस लटकाकर बेचने की प्रथा पर भी सरकार ने सख्त रुख अपनाया है. विभाग का मानना है कि इससे संक्रमण और बीमारियों का खतरा बढ़ता है. अब दुकानदारों को स्वच्छता के तय मानकों का पालन करना अनिवार्य होगा, अन्यथा लाइसेंस जारी नहीं किया जाएगा.

कानून के तहत सीधी कार्रवाई का आदेश

यह अभियान सिर्फ चेतावनी नहीं बल्कि कानूनी कार्रवाई का संकेत है. बिना लाइसेंस दुकान चलाने वालों पर बिहार नगरपालिका अधिनियम 2007 की धारा 345 के तहत कार्रवाई होगी. नगर निकायों को सघन निरीक्षण कर रिपोर्ट मुख्यालय भेजने को कहा गया है.

राजधानी में लाइसेंस व्यवस्था ही ठप

इस कार्रवाई के बीच एक बड़ी विडंबना भी सामने आई है. पटना नगर निगम में मांस-मछली दुकानों के लाइसेंस जारी करने और नवीनीकरण की व्यवस्था करीब एक दशक से लगभग ठप पड़ी है. शुरुआती जांच में पता चला कि कई इलाकों में लाइसेंसी दुकानों की संख्या बेहद कम है, जबकि सैकड़ों दुकानें बिना अनुमति के चल रही हैं.

अब निगम ने शहर भर में सर्वे शुरू कर दिया है और जल्द ही लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया दोबारा शुरू करने की तैयारी है. प्रशासन का कहना है कि नियमों का पालन करने वालों को राहत मिलेगी, लेकिन अवैध दुकानों पर सख्त कार्रवाई तय है. इस अभियान से बिहार के शहरी बाजारों में स्वच्छता और नियमन को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है.

Also Read: दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु से पटना के लिए फ्लाइट टिकट के दाम जानकर उड़ जायेंगे होश, होली से पहले टेंश

The post बिहार में बिना लाइसेंस मांस-मछली दुकानों पर सख्ती, मंदिर-स्कूल के पास दुकान तो खैर नहीं, जानें नया नियम appeared first on Prabhat Khabar.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

Stocks Under F&O Ban: Sammaan Capital, and Others 

February 23, 2026February 23, 2026 Under the futures and options...

Besides Lutyen’s statue, what else has changed at Rashtrapati Bhavan lately

4 min readFeb 23, 2026 10:29 AM IST In the...

तृणमूल में कभी नंबर 2 पर थे मुकुल रॉय, दल बदल के कारण खत्म हुआ कांचरापारा के बेटे का पॉलिटिकल कॅरियर

मुख्य बातेंयुवा कांग्रेस से शुरू किया था राजनीतिक सफरदिल्ली...

Kim Jong Un re-appointed leader of North Korea's ruling party

The announcement by the rubber-stamp party congress comes as...
Join Us WhatsApp