लोहरदगा|जिला अंतर्गत लोहरदगा प्रखंड के हेसल गांव की हिंडाल्को ने स्थिति बिगाड़ कर रखी है। एक ओर हजारों ट्रक सड़क को अवरुद्ध कर खड़ी रहती है दूसरी ओर चंदवा, चतरा, गया, लातेहार डालटेनगंज सहित अन्यत्र जाने वाले राहगीरों को घंटों जाम में फंसना पड़ रहा है। कई लोगों की ट्रेन छूट जा रही है, स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे घंटों जाम में फंसे रहते हैं लेकिन हिंडाल्को को अपने मुनाफा के अलावा कुछ नजर नहीं आ रहा है। उक्त बातें कहते हुए केंद्रीय सचिव आजसू पार्टी सूरज अग्रवाल ने कहा कि जनता का दर्द जनता की तकलीफ से इन्हें कोई लेना देना नहीं है। कहा कि हिंडाल्को अगर हेसल में काम करना चाहती है तो व्यवस्था पर सुधार लाना पड़ेगा। कंपनी ट्रकों के लिए पार्किंग की व्यवस्था करें ना की सड़क को जाम कर अपना उल्लू सीधा करें। कहा कि लोहरदगा के ट्रक यूनियन के नेताओं को भी इस विषय पर हिंडाल्को के खिलाफ आवाज उठाना चाहिए। वहीं अगर कंपनी इस ओर ध्यान देते हुए इस पर सुधार नहीं लाती है तो इसे लेकर आजसू पार्टी उग्र आंदोलन करेगी ताकि जनता को परेशानियों से मुक्ति मिल सके। इसके बाद भी कंपनी द्वारा सुधार नहीं लाने पर कंपनी के खिलाफ न्यायालय में पीआईएल दर्ज कराई जाएगी।
कंपनी को जनता के दर्द से कोई लेना देना नहीं : सूरज अग्रवाल
लोहरदगा|जिला अंतर्गत लोहरदगा प्रखंड के हेसल गांव की हिंडाल्को ने स्थिति बिगाड़ कर रखी है। एक ओर हजारों ट्रक सड़क को अवरुद्ध कर खड़ी रहती है दूसरी ओर चंदवा, चतरा, गया, लातेहार डालटेनगंज सहित अन्यत्र जाने वाले राहगीरों को घंटों जाम में फंसना पड़ रहा है। कई लोगों की ट्रेन छूट जा रही है, स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे बच्चे घंटों जाम में फंसे रहते हैं लेकिन हिंडाल्को को अपने मुनाफा के अलावा कुछ नजर नहीं आ रहा है। उक्त बातें कहते हुए केंद्रीय सचिव आजसू पार्टी सूरज अग्रवाल ने कहा कि जनता का दर्द जनता की तकलीफ से इन्हें कोई लेना देना नहीं है। कहा कि हिंडाल्को अगर हेसल में काम करना चाहती है तो व्यवस्था पर सुधार लाना पड़ेगा। कंपनी ट्रकों के लिए पार्किंग की व्यवस्था करें ना की सड़क को जाम कर अपना उल्लू सीधा करें। कहा कि लोहरदगा के ट्रक यूनियन के नेताओं को भी इस विषय पर हिंडाल्को के खिलाफ आवाज उठाना चाहिए। वहीं अगर कंपनी इस ओर ध्यान देते हुए इस पर सुधार नहीं लाती है तो इसे लेकर आजसू पार्टी उग्र आंदोलन करेगी ताकि जनता को परेशानियों से मुक्ति मिल सके। इसके बाद भी कंपनी द्वारा सुधार नहीं लाने पर कंपनी के खिलाफ न्यायालय में पीआईएल दर्ज कराई जाएगी।

