गयाजी के प्रभावती अस्पताल में बंध्याकरण ऑपरेशन के दौरान लापरवाही का मामला सामने आया है। कोतवाली थाना क्षेत्र के तेलबिगहा निवासी संतोष कुमार ने गुरुवार को अपनी पत्नी को एडमिट कराया था। शुक्रवार को परिवार नियोजन का ऑपरेशन हुआ। आरोप है कि ऑपरेशन के कुछ घंटों बाद पार्वती को असहनीय दर्द होने लगा। महिला की पीठ, पैर और शरीर के अन्य हिस्सों पर जलने के निशान थे। इस स्थिति को देखकर परिजन हैरान रह गए। पीड़िता के पति संतोष कुमार ने आरोप लगाया कि ऑपरेशन में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों को स्टरलाइज करने के बाद उन्हें रखने की प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही बरती गई। ऑपरेशन के बाद उनकी पत्नी को कथित तौर पर अत्यधिक गर्म ऑपरेशन टेबल पर लिटा दिया गया, जिससे शरीर के कई हिस्से झुलस गए। शिकायत के बाद भी किसी ने नहीं सुनी- पति घटना के बाद अस्पताल प्रशासन से शिकायत की, लेकिन देर शाम तक अस्पताल के उपाधीक्षक और हेल्थ मैनेजर से संपर्क नहीं हो सका। आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी फोन उठाने तकसे बचते रहे। इससे अस्पताल प्रशासन की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ‘जांच के आधार पर कार्रवाई होगी’ इस संबंध में प्रभारी स्वास्थ्य उप निदेशक डॉ. हेमंत कुमार देश दीपक ने जांच कराने की बात कही है। उन्होंने स्वयं अस्पताल के उपाधीक्षक से संपर्ककरने का प्रयास किया, लेकिन उनका फोन रिसीव नहीं हुआ। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। अगर किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। परिजनों ने लगाई गुहार फिलहाल पीड़ित परिवार न्याय और कार्रवाई की मांग कर रहा है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की जांच रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे यह साफ हो सकेगा कि महिला के झुलसने के पीछे वास्तविक कारण क्या था और इस घटना के लिए जिम्मेदार कौन है।
प्रभावती अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान महिला झुलसी:स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल; परिजन ने मरीज को गर्म टेबल पर लिटाने का लगाया आरोप
गयाजी के प्रभावती अस्पताल में बंध्याकरण ऑपरेशन के दौरान लापरवाही का मामला सामने आया है। कोतवाली थाना क्षेत्र के तेलबिगहा निवासी संतोष कुमार ने गुरुवार को अपनी पत्नी को एडमिट कराया था। शुक्रवार को परिवार नियोजन का ऑपरेशन हुआ। आरोप है कि ऑपरेशन के कुछ घंटों बाद पार्वती को असहनीय दर्द होने लगा। महिला की पीठ, पैर और शरीर के अन्य हिस्सों पर जलने के निशान थे। इस स्थिति को देखकर परिजन हैरान रह गए। पीड़िता के पति संतोष कुमार ने आरोप लगाया कि ऑपरेशन में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों को स्टरलाइज करने के बाद उन्हें रखने की प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही बरती गई। ऑपरेशन के बाद उनकी पत्नी को कथित तौर पर अत्यधिक गर्म ऑपरेशन टेबल पर लिटा दिया गया, जिससे शरीर के कई हिस्से झुलस गए। शिकायत के बाद भी किसी ने नहीं सुनी- पति घटना के बाद अस्पताल प्रशासन से शिकायत की, लेकिन देर शाम तक अस्पताल के उपाधीक्षक और हेल्थ मैनेजर से संपर्क नहीं हो सका। आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी फोन उठाने तकसे बचते रहे। इससे अस्पताल प्रशासन की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ‘जांच के आधार पर कार्रवाई होगी’ इस संबंध में प्रभारी स्वास्थ्य उप निदेशक डॉ. हेमंत कुमार देश दीपक ने जांच कराने की बात कही है। उन्होंने स्वयं अस्पताल के उपाधीक्षक से संपर्ककरने का प्रयास किया, लेकिन उनका फोन रिसीव नहीं हुआ। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। अगर किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। परिजनों ने लगाई गुहार फिलहाल पीड़ित परिवार न्याय और कार्रवाई की मांग कर रहा है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग की जांच रिपोर्ट का इंतजार है, जिससे यह साफ हो सकेगा कि महिला के झुलसने के पीछे वास्तविक कारण क्या था और इस घटना के लिए जिम्मेदार कौन है।

