भागलपुर सदर अस्पताल से रविवार को पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ किया गया। जिलाधिकारी अलंकृता पांडे ने 5 साल से कम उम्र के बच्चों को पोलियो की दो बूंद दवा पिलाकर इस अभियान की शुरुआत की। यह विशेष अभियान 29 जून से 2 जुलाई तक चलेगा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीमें जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर जाकर 5 वर्ष से कम आयु के बच्चों को पोलियो की दवा पिलाएंगी। अभियान का मुख्य उद्देश्य कोई भी बच्चा पोलियो की खुराक से वंचित न रहे। जिलाधिकारी ने जिलेवासियों से अपील की कि वे 5 वर्ष से कम आयु के हर बच्चे को पोलियो की खुराक अवश्य पिलाएं। उन्होंने जोर दिया कि पोलियो से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय समय पर टीकाकरण ही है। टीम घर न पहुंचे तो सूचना दे डीएम ने बताया कि यदि किसी कारणवश स्वास्थ्य विभाग की टीम किसी परिवार तक नहीं पहुंच पाती है, तो संबंधित परिवार कंट्रोल रूम में सूचना दे सकता है। सूचना मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम तत्काल घर पहुंचकर बच्चे को पोलियो की दवा पिलाएगी। जिलाधिकारी ने बताया कि कंट्रोल रूम का नंबर स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी किया जाएगा और इसे प्रेस ब्रीफ के माध्यम से सार्वजनिक किया जाएगा, ताकि लोगों को कोई असुविधा न हो।
पोलियो की दो बूंद पूरी तरह से सुरक्षित है जिलाधिकारी ने लोगों से किसी भी तरह की अफवाह या भ्रामक जानकारी पर ध्यान नहीं देने की अपील करते हुए कहा कि पोलियो की दो बूंद पूरी तरह सुरक्षित और प्रभावी है। एक भी बच्चा यदि पोलियो की खुराक से वंचित रह जाता है तो बीमारी का खतरा बना रह सकता है। इसलिए हर अभिभावक की जिम्मेदारी है कि वह अपने पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों को पोलियो की दवा अवश्य पिलाएं। पल्स पोलियो अभियान के दौरान कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय रहेगा, जहां आम नागरिक अपनी शिकायत या सूचना दर्ज करा सकेंगे।
इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, चिकित्सक, एएनएम, आशा कार्यकर्ता एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे।


