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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) शंकरपुर में चल रहे 100 दिवसीय टीबी मुक्त भारत अभियान को जनआंदोलन बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों से सक्रिय सहयोग की अपील की गई है। प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. जीके दिनकर ने इस अभियान में भागीदारी सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है। डॉ. दिनकर ने प्रखंड प्रमुख, बीस सूत्री अध्यक्ष व सदस्य, सभी पंचायतों के मुखिया और पंचायत समिति सदस्यों को पत्र भेजा है। यह अभियान केंद्र एवं राज्य सरकार के निर्देशानुसार 1 जुलाई से 14 अगस्त 2026 तक चलाया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य टीबी मरीजों की पहचान करना, उन्हें समय पर उपचार देना और बेहतर पोषण उपलब्ध कराकर बीमारी को जड़ से खत्म करना है। उन्होंने बताया कि इलाजरत टीबी मरीजों को पोषण सहायता के रूप में ‘फूड बास्केट’ उपलब्ध कराया जाता है। यह सहायता मरीजों को नियमित रूप से दवा लेने और अपना उपचार पूरा करने में मदद करती है। डॉ. दिनकर ने सभी जनप्रतिनिधियों से अपने-अपने पंचायत क्षेत्र के टीबी मरीजों की सहायता के लिए आगे आने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि स्वेच्छा से फूड बास्केट उपलब्ध कराकर या अन्य सहयोग देकर मरीजों का मनोबल बढ़ा सकते हैं। इससे मरीजों को उपचार पूरा करने में मदद मिलेगी और समाज में टीबी के प्रति जागरूकता भी बढ़ेगी। प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने जोर दिया कि जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी से अभियान को नई गति मिलेगी। इससे शंकरपुर प्रखंड को टीबी मुक्त बनाने के लक्ष्य को हासिल करने में महत्वपूर्ण सफलता मिलेगी। उन्होंने आम लोगों से भी टीबी के लक्षण दिखने पर तत्काल जांच कराने और मरीजों के प्रति किसी भी प्रकार का भेदभाव न करने की अपील की।


