Thursday, September 10, 2026

Breaking
News

🕒

Latest
Updates

🔔

Stay
Informed

Top 5 This Week

Related Posts

धनबाद में 'लुटेरी दुल्हन' का खेल, हुई गिरफ्तार:दुल्हन दिखायी, मांग भी भरवाया, फिर लूट लिया, पुलिस ने दूल्हा बनकर दबोचा


राजस्थान के अलवर से एक परिवार बेटे की शादी का सपना लेकर धनबाद पहुंचा था। उन्हें क्या पता था कि जिस शादी के लिए वे हजारों किलोमीटर दूर से आए हैं, वही सफर उनके लिए लूट और मारपीट की वारदात में बदल जाएगा। बरवाअड्डा पुलिस ने शादी का झांसा देकर दूसरे राज्यों के लोगों को फंसाने और फिर लूटने वाले गिरोह के 10 सदस्यों को गिरफ्तार कर इस पूरे खेल का खुलासा किया है। इनमें चार महिलाएं शामिल हैं। मामला अलवर जिले के बगर (बूढ़ा गांव) निवासी इकबाल उर्फ गुल्लू से जुड़ा है। गिरोह की महिला सदस्य सुमन विश्वकर्मा ने ‘सपना’ बनकर उसके पिता श्यामलाल और चाचा रमेश से फोन पर संपर्क किया था। शादी की बात हुई तो परिवार भरोसे में आ गया। पिछले सोमवार को इकबाल अपने पिता श्यामलाल, चाचा रमेश और मां गुड्डी के साथ धनबाद स्टेशन पहुंचा। वहां गिरोह के सदस्य दो वैन लेकर पहले से खड़े थे। परिवार को सिमरा गांव ले जाया गया। यहीं से शादी के नाम पर पैसे मांगने का सिलसिला शुरू हुआ। पहले मांगे एक लाख, 40 हजार ऑनलाइन लिए सिमरा पहुंचते ही परिवार से शादी के नाम पर एक लाख रुपए मांगे। दूल्हे के पिता श्यामलाल ने अजय दास के मोबाइल पर ऑनलाइन 40 हजार रुपए भेजे। इसके बाद परिवार को टुंडी रोड स्थित लोहारबरवा ले जाया गया। वहां दुल्हन के लिए करीब 30 हजार रुपए के कपड़े और आभूषण खरीदवाए। साड़ी, लहंगा, जींस पैंट, अंगवस्त्र, चूड़ी और अन्य सामान की खरीदारी कराई गई। परिवार को लग रहा था कि शादी की तैयारियां चल रही हैं। इसके बाद उन्हें दो वैन से सोनरिया गांव स्थित काजू बगान ले जाया गया। वहां पूजा कुमारी नाम की महिला को दुल्हन बताया गया। इकबाल से उसकी मांग में सिंदूर भरवाने की रस्म कराई गई। परिवार ने आपत्ति जताई तो आरोपियों ने समझाया कि दुल्हन को घर ले जाकर अपने रीति-रिवाज के अनुसार शादी कर लेना। बात सुनकर परिवार शांत हो गया। इसके बाद गिरोह उन्हें जीटी रोड स्थित उदयपुर के एक होटल में ले गया। कहा गया कि यहां शादी की पार्टी होगी। लेकिन होटल से बाहर निकलते ही कहानी ने अचानक ऐसा मोड़ लिया, जिसकी किसी ने कल्पना नहीं की थी। होटल से निकलते ही चलती वैन में मारपीट और लूटा होटल से निकलने के बाद रास्ते में वाहन के अंदर ही आरोपियों ने दूल्हे के परिवार के साथ मारपीट शुरू कर दी। जिस परिवार ने कुछ देर पहले शादी की रस्म पूरी होते देखी थी, अब वही अपनी जान और सामान बचाने की कोशिश कर रहा था। आरोपियों ने परिवार के रुपए, मोबाइल फोन और दुल्हन के लिए खरीदे गए करीब 30 हजार रुपए के कपड़े व अन्य सामान छीन लिए। इसके बाद परिवार को जीटी रोड पर गाड़ी से उतार दिया। आरोपी दोनों वैन लेकर फरार हो गए। ठगी और लूट का शिकार परिवार किसी तरह बरवाअड्डा थाना पहुंचा। दूल्हे के चाचा रमेश के आवेदन पर पुलिस ने कांड संख्या 157/26 दर्ज किया। पुलिस अधिकारी ने खुद को बताया दूल्हा पीड़ित परिवार की शिकायत के बाद थाना प्रभारी रवि कुमार और दारोगा विकास कुमार उन्हें लेकर घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने होटल संचालक से गिरोह के सदस्यों के मोबाइल नंबर हासिल किए। इसके बाद पुलिस ने गिरोह को पकड़ने के लिए उसी अंदाज में जाल बिछाया, जिस अंदाज में वह लोगों को फंसाता था। पुलिस के एक अधिकारी ने खुद को दूल्हा बताते हुए सुमन को फोन किया और शादी करने की इच्छा जताई। सुमन झांसे में आ गई। उसने अधिकारी को इसरी बुलाया और गिरोह के दूसरे सदस्यों को भी एक-एक कर वहां बुला लिया। पुलिस टीम पहले से मौके पर सक्रिय थी। जैसे ही गिरोह के सदस्य पहुंचे, पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। हालांकि छापेमारी के दौरान मुख्य सरगना तब्बू रवानी फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है। 1500 सहयोगियों को, वैन चालकों को पांच-पांच हजार पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने पुलिस को बताया कि दूल्हे के परिवार से लिए गए 40 हजार रुपए अजय दास के मोबाइल पर ऑनलाइन भेजे गए थे। इसमें से 1500 रुपए सहयोगियों को दिए गए। मारुति वैन के मालिक सह चालक इसरी बाजार निवासी राजेंद्र प्रसाद वर्मा और विशु कुमार यादव को पांच-पांच हजार रुपए दिए गए। पुलिस ने इस मामले में अजय दास (सोनरिया), राजेश कुम्हार, मंतोष साव (दोनों बाबूडीह, खरनी), सुमन विश्वकर्मा (लालबंगला, महुदा), नीलम देवी (कुसुम बिहार, सरायढेला), पूजा कुमारी (मुकुंदा, तिसरा), चंदन शर्मा (भूली), मकरी देवी (चरकबरई), विशु कुमार यादव और राजेंद्र प्रसाद वर्मा (दोनों इसरी बाजार) को गिरफ्तार किया है। सभी को जेल भेज दिया गया है। ऐसे लोगों को फंसाता था गिरोह पुलिस के मुताबिक गिरोह का तरीका तय था। पहले ‘सपना’ बनकर दूसरे राज्यों के लोगों से फोन पर संपर्क करना, शादी का झांसा देकर उन्हें धनबाद बुलाना, शादी का नाटक कर पैसे और गहने लेना और फिर मारपीट कर सामान छीनकर रास्ते में उतार देना। इस बार भी यही कहानी शुरू हुई थी, लेकिन अंत में पुलिस ने खुद ‘दूल्हा’ बनकर गिरोह को उसके ही जाल में फंसा दिया। डीएसपी कुमार विनोद ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों के पास से 13 मोबाइल, साड़ी, लहंगा, जींस पैंट, अंगवस्त्र, चूड़ी, आभूषण और शादी से संबंधित अन्य सामग्री बरामद की है। घटना में इस्तेमाल डब्ल्यूबी 06बी 4844 और डब्ल्यूबी 06बी 7295 नंबर की दोनों वैन भी जब्त की गई हैं।

Spread the love

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Popular Articles