धनबाद के सरायढेला थाना क्षेत्र के मुरलीनगर इलाके में 19 वर्षीय अमित कुमार खेत्रोपाल ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। यह घटना मंगलवार को सामने आई। परिजनों के अनुसार, अमित पिछले लगभग पांच वर्षों से मानसिक तनाव से जूझ रहा था। उसका इलाज रांची में चल रहा था और नियमित रूप से दवाएं दी जा रही थीं। घटना के समय अमित घर में अकेला था। उसने गमछे का फंदा बनाकर आत्महत्या की। मकान मालिक को संदेह हुआ सुबह जब काफी देर तक अमित के कमरे का दरवाजा नहीं खुला, तो मकान मालिक को संदेह हुआ। उन्होंने आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। खिड़की से झांकने पर युवक फंदे से लटका हुआ दिखाई दिया। इसकी सूचना तत्काल परिजनों और सरायढेला थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर शव को नीचे उतारा। इसके बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेज दिया गया। खेत्रोपाल परिवार पिछले 18-19 वर्षों से धनबाद में रह रहा है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और घटना के संबंध में आगे की जांच कर रही है।
धनबाद में 19 वर्षीय युवक ने की आत्महत्या:मानसिक तनाव से जूझ रहा था, चल रहा था इलाज; घटना के वक्त कोई नहीं था घर पर
धनबाद के सरायढेला थाना क्षेत्र के मुरलीनगर इलाके में 19 वर्षीय अमित कुमार खेत्रोपाल ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। यह घटना मंगलवार को सामने आई। परिजनों के अनुसार, अमित पिछले लगभग पांच वर्षों से मानसिक तनाव से जूझ रहा था। उसका इलाज रांची में चल रहा था और नियमित रूप से दवाएं दी जा रही थीं। घटना के समय अमित घर में अकेला था। उसने गमछे का फंदा बनाकर आत्महत्या की। मकान मालिक को संदेह हुआ सुबह जब काफी देर तक अमित के कमरे का दरवाजा नहीं खुला, तो मकान मालिक को संदेह हुआ। उन्होंने आवाज लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। खिड़की से झांकने पर युवक फंदे से लटका हुआ दिखाई दिया। इसकी सूचना तत्काल परिजनों और सरायढेला थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़कर शव को नीचे उतारा। इसके बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेज दिया गया। खेत्रोपाल परिवार पिछले 18-19 वर्षों से धनबाद में रह रहा है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और घटना के संबंध में आगे की जांच कर रही है।

