रांची4 मिनट पहले
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झारखंड विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के 15वें दिन जिला खनिज फाउंडेशन ट्रस्ट (DMFT) फंड के उपयोग को लेकर सदन में जोरदार चर्चा हुई। विधायक प्रदीप यादव ने खनन क्षेत्र के लिए प्रत्यक्ष रूप से 15 किलोमीटर और अप्रत्यक्ष रूप से 25 किलोमीटर की सीमा निर्धारित किए जाने पर सवाल उठाया।
उन्होंने कहा कि इस सीमा के कारण कई प्रखंड और गांव विकास कार्यों से वंचित रह जाएंगे। इससे क्षेत्रीय असमानता बढ़ने की आशंका है। इस पर जवाब देते हुए मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि वर्ष 2024 में भारत सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन के आधार पर ही यह प्रावधान किया गया है।
हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि सरकार इस नियम के प्रभावों पर विचार करेगी और वंचित क्षेत्रों की समस्याओं को केंद्र सरकार के समक्ष उठाते हुए नियमावली में संशोधन के लिए पत्र भेजेगी।
फंड के उपयोग को लेकर विपक्ष ने उठाए सवाल
सदन में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने भी DMFT फंड के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि खनन क्षेत्र के लिए 15 और 25 किलोमीटर की सीमा काफी ज्यादा है और फंड का सही तरीके से उपयोग नहीं हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई खनन प्रभावित क्षेत्रों में अब भी सड़क, पानी और पर्यावरण से जुड़ी समस्याएं बनी हुई हैं, जबकि DMFT फंड से डाक बंगला और जिम जैसे निर्माण कराए जा रहे हैं।
बाबूलाल मरांडी ने लातेहार में DMFT फंड से बने एक जिम का उदाहरण देते हुए कहा कि इसका उपयोग आम लोगों के बजाय केवल अधिकारी करते हैं। उन्होंने इस पूरे मामले की जांच के लिए विधानसभा की एक टीम गठित करने की मांग की। इस पर मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि DMFT से जुड़े मामलों की जांच चल रही है। दोषी पाए जाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञान शिक्षक नियुक्ति पर सरकार का पक्ष स्पष्ट
विधानसभा में विज्ञान शिक्षक की नियुक्ति को लेकर भी सवाल उठाया गया। विधायक अमित यादव के प्रश्न के जवाब में मंत्री सुदिव्य सोनू ने कहा कि विज्ञान शिक्षक बनने के लिए गणित और विज्ञान की अर्हता अनिवार्य है।
उन्होंने बताया कि विज्ञान और गणित शिक्षक के पद के लिए बीएससी मैथ की योग्यता तय की गई है। मंत्री ने कहा कि इस संबंध में बनाई गई नियमावली पूरी तरह स्पष्ट और पूर्ण है। उसी के अनुसार नियुक्ति प्रक्रिया संचालित की जा रही है।
AI और डिजिटल पंचायत को बढ़ावा देने की तैयारी
सदन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के उपयोग को लेकर भी चर्चा हुई। विधायक सरयू राय के सवाल पर मंत्री दीपक बिरूआ ने बताया कि राज्य सरकार AI के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए कई पहल कर रही है। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने के लिए 101 आइडिया की स्क्रीनिंग की जाएगी।
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की बैठक जल्द आयोजित की जाएगी। इसके साथ ही राज्य में डिजिटल पंचायत की दिशा में भी काम तेजी से चल रहा है। अगले दो से तीन महीनों में इसके सकारात्मक परिणाम सामने आने की उम्मीद है।





