बक्सर जिला परिवहन कार्यालय परिसर से शराब की बोतलें बरामद होने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। जिला पदाधिकारी (डीएम) ने तत्काल जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है। यह कार्रवाई 14 मई 2026 को हुई छापेमारी के बाद की गई है। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बक्सर के नेतृत्व में नगर थाना पुलिस और मद्य निषेध विभाग की एक संयुक्त टीम ने 14 मई 2026 को जिला परिवहन कार्यालय परिसर में छापेमारी की थी। इस दौरान परिसर से शराब की कई भरी और खाली बोतलें बरामद हुईं, जिससे प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएम ने निर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा कि सरकारी परिसर में शराब की बरामदगी एक अत्यंत गंभीर विषय है। इस मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही या संलिप्तता पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। वायरल ऑडियो और वीडियो की हो रही जांच इसके अतिरिक्त, प्रशासन ने 13 मई 2026 को सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक ऑडियो और वीडियो को भी गंभीरता से लिया है। इस वायरल सामग्री में परिवहन विभाग से जुड़े कई आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की सत्यता की जांच के लिए जिला पदाधिकारी ने एक त्रिस्तरीय जांच दल का गठन किया है। गठित जांच टीम में विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों को शामिल किया गया है। टीम को निर्देश दिया गया है कि वायरल ऑडियो और वीडियो में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष एवं गहन जांच कर जल्द से जल्द संयुक्त जांच प्रतिवेदन जिला पदाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया जाए। प्रशासन ने पारदर्शिता सुनिश्चित करने की बात कही है। दोषी पाए जाने वालों पर होगी कार्रवाई जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जांच में जो भी अधिकारी या कर्मी दोषी पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध कठोर अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार मामले की निगरानी उच्च स्तर पर की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी। इधर परिवहन कार्यालय परिसर से शराब बरामद होने की घटना के बाद जिले में चर्चाओं का बाजार गर्म है। आम लोगों के बीच भी इस घटना को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। लोगो का कहना है कि डीटीओ कार्यालय धर्मशाला थोड़े है कि कोई शराब रखकर चला जाएगा,फिलहाल सभी की नजर प्रशासनिक जांच और आने वाली रिपोर्ट पर टिकी हुई है।
DTO बक्सर से 24 घंटे में मांगा जवाब:परिवहन कार्यालय में शराब बरामदगी पर डीएम सख्त, वायरल ऑडियो और वीडियो की हो रही जांच
बक्सर जिला परिवहन कार्यालय परिसर से शराब की बोतलें बरामद होने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। जिला पदाधिकारी (डीएम) ने तत्काल जिला परिवहन पदाधिकारी (डीटीओ) से 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण मांगा है। यह कार्रवाई 14 मई 2026 को हुई छापेमारी के बाद की गई है। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बक्सर के नेतृत्व में नगर थाना पुलिस और मद्य निषेध विभाग की एक संयुक्त टीम ने 14 मई 2026 को जिला परिवहन कार्यालय परिसर में छापेमारी की थी। इस दौरान परिसर से शराब की कई भरी और खाली बोतलें बरामद हुईं, जिससे प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएम ने निर्देश जारी किया है। उन्होंने कहा कि सरकारी परिसर में शराब की बरामदगी एक अत्यंत गंभीर विषय है। इस मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही या संलिप्तता पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। वायरल ऑडियो और वीडियो की हो रही जांच इसके अतिरिक्त, प्रशासन ने 13 मई 2026 को सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक ऑडियो और वीडियो को भी गंभीरता से लिया है। इस वायरल सामग्री में परिवहन विभाग से जुड़े कई आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की सत्यता की जांच के लिए जिला पदाधिकारी ने एक त्रिस्तरीय जांच दल का गठन किया है। गठित जांच टीम में विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों को शामिल किया गया है। टीम को निर्देश दिया गया है कि वायरल ऑडियो और वीडियो में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष एवं गहन जांच कर जल्द से जल्द संयुक्त जांच प्रतिवेदन जिला पदाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया जाए। प्रशासन ने पारदर्शिता सुनिश्चित करने की बात कही है। दोषी पाए जाने वालों पर होगी कार्रवाई जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जांच में जो भी अधिकारी या कर्मी दोषी पाए जाएंगे, उनके विरुद्ध कठोर अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार मामले की निगरानी उच्च स्तर पर की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी। इधर परिवहन कार्यालय परिसर से शराब बरामद होने की घटना के बाद जिले में चर्चाओं का बाजार गर्म है। आम लोगों के बीच भी इस घटना को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। लोगो का कहना है कि डीटीओ कार्यालय धर्मशाला थोड़े है कि कोई शराब रखकर चला जाएगा,फिलहाल सभी की नजर प्रशासनिक जांच और आने वाली रिपोर्ट पर टिकी हुई है।


