देवघर जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाली एक बार फिर उजागर हुई है। सारठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से रेफर मरीज को ले जा रही एंबुलेंस बीच रास्ते में अचानक खराब हो गई। जिससे मरीज और उसके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि खराब एंबुलेंस को दूसरी एंबुलेंस की मदद से खींचकर गैरेज तक ले जाना पड़ा। इस पूरी घटना का वीडियो एक राहगीर ने अपने मोबाइल में कैद कर लिया। अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी है। वे स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर सवाल उठा रहे हैं। एंबुलेंसकर्मी बोला- पहले भी दी गई थी सूचना एंबुलेंस कर्मियों ने बताया कि संबंधित वाहन काफी पुराना हो चुका है। उसमें लगातार तकनीकी खराबियां आती रहती हैं। उन्होंने कहा कि इस समस्या की जानकारी कई बार विभागीय अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया। कर्मचारियों का कहना है कि ऐसे हालात में गंभीर मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना बेहद मुश्किल हो जाता है, जिससे उनकी जान भी खतरे में पड़ सकती है। इस घटना ने आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारी और रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वेतन-पेमेंट में देरी से कर्मियों में नाराजगी इधर, एंबुलेंस कर्मियों ने वेतन भुगतान में देरी और पीएफ कटौती को लेकर भी नाराजगी जताई है। उनका आरोप है कि कई महीनों से उनका वेतन लंबित है। जिससे उन्हें आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक स्वास्थ्य विभाग अपनी व्यवस्थाओं में सुधार नहीं करेगा, तब तक ऐसी घटनाएं सामने आती रहेंगी।
देवघर में रास्ते में एंबुलेंस हुआ खराब, मरीज फंसा:दूसरा एंबुलेंस रस्सियों से खींच कर ले गया, व्यवस्था पर उठे सवाल, वीडियो वायरल
देवघर जिले में स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाली एक बार फिर उजागर हुई है। सारठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से रेफर मरीज को ले जा रही एंबुलेंस बीच रास्ते में अचानक खराब हो गई। जिससे मरीज और उसके परिजनों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि खराब एंबुलेंस को दूसरी एंबुलेंस की मदद से खींचकर गैरेज तक ले जाना पड़ा। इस पूरी घटना का वीडियो एक राहगीर ने अपने मोबाइल में कैद कर लिया। अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में नाराजगी है। वे स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर सवाल उठा रहे हैं। एंबुलेंसकर्मी बोला- पहले भी दी गई थी सूचना एंबुलेंस कर्मियों ने बताया कि संबंधित वाहन काफी पुराना हो चुका है। उसमें लगातार तकनीकी खराबियां आती रहती हैं। उन्होंने कहा कि इस समस्या की जानकारी कई बार विभागीय अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया। कर्मचारियों का कहना है कि ऐसे हालात में गंभीर मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना बेहद मुश्किल हो जाता है, जिससे उनकी जान भी खतरे में पड़ सकती है। इस घटना ने आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारी और रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वेतन-पेमेंट में देरी से कर्मियों में नाराजगी इधर, एंबुलेंस कर्मियों ने वेतन भुगतान में देरी और पीएफ कटौती को लेकर भी नाराजगी जताई है। उनका आरोप है कि कई महीनों से उनका वेतन लंबित है। जिससे उन्हें आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक स्वास्थ्य विभाग अपनी व्यवस्थाओं में सुधार नहीं करेगा, तब तक ऐसी घटनाएं सामने आती रहेंगी।

