आने वाले दिनों में बोकारो के कुछ गांव सौर ऊर्जा आधारित विकास की नई पहचान बन सकते हैं। प्रधानमंत्री सूर्य घर, मुफ्त बिजली योजना के तहत जिले के 10 गांवों को मॉडल सोलर विलेज के रूप में विकसित करने की दिशा में पहल शुरू हो गई है। इस महत्वाकांक्षी योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने के साथ-साथ लोगों के बिजली खर्च को कम करना और ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाना है। शनिवार को समाहरणालय में आयोजित समीक्षा बैठक में उपायुक्त अजय नाथ झा ने अधिकारियों को जिले के विभिन्न प्रखंडों से 10 ऐसे गांवों का चयन करने का निर्देश दिया, जहां सामुदायिक भागीदारी और योजना के प्रभावी क्रियान्वयन की बेहतर संभावना हो। चयनित गांवों को सौर ऊर्जा आधारित सुविधाओं से जोड़कर मॉडल सोलर विलेज के रूप में विकसित किया जाएगा। कमजोर परिवारों को ऋण सुविधा योजना की सबसे बड़ी विशेषता यह होगी कि ग्रामीण परिवार अपने घरों की छतों पर सोलर सिस्टम लगाकर बिजली उत्पादन कर सकेंगे। इससे न केवल बिजली बिल में कमी आएगी, बल्कि स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल ऊर्जा के उपयोग को भी बढ़ावा मिलेगा। बैठक में उपायुक्त ने इस बात पर भी जोर दिया कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को योजना का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। इसके लिए बैंकों के माध्यम से आसान ऋण सुविधा उपलब्ध कराने और ग्रामीणों के बीच व्यापक जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया गया। उन्होंने अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) को लाभुकों को ऋण उपलब्ध कराने की दिशा में सक्रिय पहल करने को कहा।

