दरभंगा के बहेड़ा थाना क्षेत्र स्थित तरौन मोड़ के पास एक आम के बगीचे में आज रखवाले का शव मिला है। मृतक की पहचान नेहरा थाना क्षेत्र के रजवारा कोठी टोला निवासी स्व राम गुलाम पासवान के 50 साल के बेटे राम प्रताप पासवान के रूप में हुई है। वह आम के बगीचे में रखवाले के तौर पर कार्यरत थे। घटना की सूचना मिलते ही पहले नेहरा थाना की पुलिस मौके पर पहुंची, फिर बाद मे बहेड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले की जांच के लिए एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और सबूत जुटाए। मृतक के दामाद रामवृक्ष पासवान ने हत्या की आशंका जताते हुए बताया कि सोमवार की शाम करीब छह बजे उन्होंने राम प्रताप पासवान को बगीचे में बने मचान पर बैठे देखा था। रात करीब आठ बजे परिजनों ने उन्हें खाना खाने के लिए फोन किया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। इसके बाद परिजनों ने समझा कि वह सो गए होंगे। हत्या की जताई गई आशंका आज जब बगीचे में लोगों की भीड़ लगी, तो परिजन मौके पर पहुंचे। दामाद के अनुसार, शव मचान के बगल में इस स्थिति में पड़ा था कि सिर नीचे और पैर ऊपर की ओर था और नाक से खून निकल रहा था। उन्होंने आशंका जताई कि पहले गला दबाकर हत्या की गई और बाद में शव को इस स्थिति में रखा गया। हालांकि उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष पर आरोप नहीं लगाया और पुलिस जांच से सच्चाई सामने आने की उम्मीद जताई। मृतक की बेटी सपना ने भी हत्या की आशंका व्यक्त करते हुए बताया कि रात में कई बार फोन करने के बावजूद उनके पिता ने कॉल रिसीव नहीं किया। सुबह भी संपर्क नहीं होने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की, जिसके बाद बगीचे में उनका शव मिला। सपना ने दावा किया कि शव को देखने से ऐसा लग रहा था कि उनके पिता का एक हाथ भी टूटा हुआ था।राम प्रताप पासवान अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनकी पांच बेटियां हैं, जिनकी शादी हो चुकी है, जबकि इकलौता बेटा सेना में कार्यरत है। संदिग्ध परिस्थिति में हुई मौत बहेड़ा थानाध्यक्ष पंकज कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला प्रतीत होता है। शव पर किसी प्रकार के स्पष्ट मारपीट के निशान नहीं मिले हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।
आम के बगीचे में रखवाले का शव मिला:दरभंगा में परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, थानाध्यक्ष बोले- पोस्टमार्टम के बाद कारण होगा क्लियर
दरभंगा के बहेड़ा थाना क्षेत्र स्थित तरौन मोड़ के पास एक आम के बगीचे में आज रखवाले का शव मिला है। मृतक की पहचान नेहरा थाना क्षेत्र के रजवारा कोठी टोला निवासी स्व राम गुलाम पासवान के 50 साल के बेटे राम प्रताप पासवान के रूप में हुई है। वह आम के बगीचे में रखवाले के तौर पर कार्यरत थे। घटना की सूचना मिलते ही पहले नेहरा थाना की पुलिस मौके पर पहुंची, फिर बाद मे बहेड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले की जांच के लिए एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया और सबूत जुटाए। मृतक के दामाद रामवृक्ष पासवान ने हत्या की आशंका जताते हुए बताया कि सोमवार की शाम करीब छह बजे उन्होंने राम प्रताप पासवान को बगीचे में बने मचान पर बैठे देखा था। रात करीब आठ बजे परिजनों ने उन्हें खाना खाने के लिए फोन किया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। इसके बाद परिजनों ने समझा कि वह सो गए होंगे। हत्या की जताई गई आशंका आज जब बगीचे में लोगों की भीड़ लगी, तो परिजन मौके पर पहुंचे। दामाद के अनुसार, शव मचान के बगल में इस स्थिति में पड़ा था कि सिर नीचे और पैर ऊपर की ओर था और नाक से खून निकल रहा था। उन्होंने आशंका जताई कि पहले गला दबाकर हत्या की गई और बाद में शव को इस स्थिति में रखा गया। हालांकि उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष पर आरोप नहीं लगाया और पुलिस जांच से सच्चाई सामने आने की उम्मीद जताई। मृतक की बेटी सपना ने भी हत्या की आशंका व्यक्त करते हुए बताया कि रात में कई बार फोन करने के बावजूद उनके पिता ने कॉल रिसीव नहीं किया। सुबह भी संपर्क नहीं होने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की, जिसके बाद बगीचे में उनका शव मिला। सपना ने दावा किया कि शव को देखने से ऐसा लग रहा था कि उनके पिता का एक हाथ भी टूटा हुआ था।राम प्रताप पासवान अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनकी पांच बेटियां हैं, जिनकी शादी हो चुकी है, जबकि इकलौता बेटा सेना में कार्यरत है। संदिग्ध परिस्थिति में हुई मौत बहेड़ा थानाध्यक्ष पंकज कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला प्रतीत होता है। शव पर किसी प्रकार के स्पष्ट मारपीट के निशान नहीं मिले हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।


