गिरिडीह जिले के दुअरपहरी गांव निवासी 20 वर्षीय राजा कुमार की सांप काटने से मौत हो गई। युवक की मौत के बाद धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेमोरियल अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) में परिजनों ने शव का पोस्टमॉर्टम कराए बिना उसे ले जाने की मांग को लेकर हंगामा किया। जानकारी के अनुसार, राजा कुमार बीती रात अपने घर की छत पर सो रहा था, तभी उसे एक जहरीले सांप ने काट लिया। परिजन उसे पहले गिरिडीह सदर अस्पताल ले गए, जहां से बेहतर इलाज के लिए धनबाद एसएनएमएमसीएच रेफर किया गया। एसएनएमएमसीएच में इलाज के दौरान उसकी हालत गंभीर बनी रही। चिकित्सकों ने उसे आगे के उपचार के लिए रिम्स रेफर किया, लेकिन दोपहर में उसकी मौत हो गई। युवक की मौत के बाद परिजन शव को अपने साथ ले जाने की जिद पर अड़ गए। उनका कहना था कि वे झाड़-फूंक के जरिए उसका इलाज कराना चाहते हैं। अस्पताल सुरक्षाकर्मियों ने कानूनी प्रक्रिया का हवाला देते हुए शव ले जाने से रोक दिया, जिसके बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक हंगामा चलता रहा। घटना की सूचना मिलने पर सरायढेला थाना पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। काफी देर तक चली बातचीत के बाद पुलिस ने परिजनों से लिखित आवेदन लिया। आवेदन मिलने के बाद पुलिस ने शव को परिजनों के साथ ले जाने की अनुमति दे दी। इसके बाद स्थिति शांत हुई और परिजन शव लेकर अपने गांव रवाना हो गए।
सांप काटने से युवक की मौत, सोते वक्त हुआ हादसा:धनबाद अस्पताल में हंगामा, परिजन बिना पोस्टमॉर्टम शव ले जाने पर अड़े
गिरिडीह जिले के दुअरपहरी गांव निवासी 20 वर्षीय राजा कुमार की सांप काटने से मौत हो गई। युवक की मौत के बाद धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेमोरियल अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) में परिजनों ने शव का पोस्टमॉर्टम कराए बिना उसे ले जाने की मांग को लेकर हंगामा किया। जानकारी के अनुसार, राजा कुमार बीती रात अपने घर की छत पर सो रहा था, तभी उसे एक जहरीले सांप ने काट लिया। परिजन उसे पहले गिरिडीह सदर अस्पताल ले गए, जहां से बेहतर इलाज के लिए धनबाद एसएनएमएमसीएच रेफर किया गया। एसएनएमएमसीएच में इलाज के दौरान उसकी हालत गंभीर बनी रही। चिकित्सकों ने उसे आगे के उपचार के लिए रिम्स रेफर किया, लेकिन दोपहर में उसकी मौत हो गई। युवक की मौत के बाद परिजन शव को अपने साथ ले जाने की जिद पर अड़ गए। उनका कहना था कि वे झाड़-फूंक के जरिए उसका इलाज कराना चाहते हैं। अस्पताल सुरक्षाकर्मियों ने कानूनी प्रक्रिया का हवाला देते हुए शव ले जाने से रोक दिया, जिसके बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक हंगामा चलता रहा। घटना की सूचना मिलने पर सरायढेला थाना पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। काफी देर तक चली बातचीत के बाद पुलिस ने परिजनों से लिखित आवेदन लिया। आवेदन मिलने के बाद पुलिस ने शव को परिजनों के साथ ले जाने की अनुमति दे दी। इसके बाद स्थिति शांत हुई और परिजन शव लेकर अपने गांव रवाना हो गए।
