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आध्यात्मिक नगरी गया एक बार फिर विश्व को शांति और सद्भाव का संदेश देने की तैयारी में है। पीस एसोसिएशन ऑफ इंडिया के बैनर तले 11, 12 और 13 अप्रैल 2026 को गांधी मैदान में तीन दिवसीय विश्व शांति सम्मेलन का आयोजन होगा। आयोजन को लेकर तैयारी तेज है। प्रशासनि
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सम्मेलन के पहले दिन 11 अप्रैल को मुख्य अतिथि के रूप में बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान शामिल होंगे। वे शांति, भाईचारा और सामाजिक सौहार्द पर अपना संदेश देंगे। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, बिहार विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार और ग्रामीण कार्य मंत्री अशोक चौधरी विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे।
सभी धर्मों के गुरु एक मंच पर
गांधी मैदान में होने वाले इस सम्मेलन की सबसे बड़ी खासियत इसकी सर्वधर्म भागीदारी है। सनातन, इस्लाम, बौद्ध, सिख, जैन और ईसाई धर्म के विद्वान एक मंच साझा करेंगे।
सनातन सर्वधर्म संसद के स्वामी सुशील गोस्वामी, जामा मस्जिद पंजाब के शाही इमाम मौलाना मोहम्मद उस्मान रहमानी, सिख संगठनों के प्रतिनिधि और ईसाई धर्मगुरु फादर एमडी थॉमस शांति का संदेश देंगे। प्रसिद्ध शिक्षक खान सर भी युवाओं को प्रेरित करेंगे।
दूसरा दिन: शहादत और इंसानियत के नाम
12 अप्रैल को कार्यक्रम को शहादत दिवस के रूप में मनाया जाएगा। देश और विदेश के नामचीन कवि और शायर अपनी रचनाओं के जरिए अमन, इंसानियत और भाईचारे का संदेश देंगे। आयोजन समिति इसे सामाजिक चेतना का दिन बता रही है।
तीसरा दिन: युवा शक्ति का प्रदर्शन
13 अप्रैल को इंडियन बॉडीबिल्डिंग फेडरेशन के तत्वावधान में राष्ट्रीय स्तर की बॉडीबिल्डिंग चैंपियनशिप आयोजित होगी। देशभर से 300 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। आयोजकों का कहना है कि यह कार्यक्रम युवाओं को फिटनेस और अनुशासन के प्रति प्रेरित करेगा।
गया की पहचान से जुड़ा संदेश
प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसोसिएशन के सचिव इकबाल हुसैन ने कहा कि संकट के समय गयाजी ने हमेशा मानवता को रास्ता दिखाया है। यह धरती गौतम बुद्ध की तपोभूमि रही है। पास स्थित महाबोधि मंदिर से अहिंसा और करुणा का संदेश पूरी दुनिया तक पहुंचता है।
उन्होंने कहा कि गया भगवान विष्णु और सूफी संतों की परंपरा वाली गंगा-जमुनी संस्कृति की धरती है। यही इसकी असली ताकत है।
समाज के हर वर्ग की भागीदारी
प्रेस वार्ता में समाजसेवी, शिक्षक, व्यापारी, जनप्रतिनिधि और युवा बड़ी संख्या में मौजूद रहे। सभी ने सम्मेलन को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया।




