![]()
किशनगंज में हत्या के एक मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायालय ने दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेश कुमार सिंह की अदालत ने मंगलवार को यह फैसला सुनाया। अदालत ने रूईधासा निवासी मोहम्मद चांद और पौआखाली थाना क्षेत्र की निवासी बसंती हेम्ब्रम को हत्या का दोषी पाया। दोनों को पौआखाली थाना क्षेत्र निवासी सत्यवान मुर्मू की हत्या के मामले में सजा सुनाई गई है। महिला आरोपी बसंती हेम्ब्रम पर मोहम्मद चांद के साथ मिलकर अपने ससुर सत्यवान मुर्मू की हत्या करने का आरोप था। दोनों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना न्यायालय ने दोनों दोषियों को उम्रकैद के साथ 50-50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा भी सुनाई है। जुर्माना नहीं भरने पर उन्हें अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह मामला पौआखाली थाना कांड संख्या 31/2025 से जुड़ा है, जिसकी सुनवाई स्पेशल वाद संख्या 65/2025 के तहत चल रही थी। गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर फैसला पुलिस ने जांच के बाद अदालत में आरोप पत्र दाखिल किया था। अभियोजन पक्ष की ओर से एससी-एसटी मामलों के विशेष लोक अभियोजक आदुलाल हरिजन ने मामले में पैरवी की और मुख्य गवाहों व साक्ष्यों को अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया। विशेष लोक अभियोजक ने बताया कि अदालत ने गवाहों के बयान, चिकित्सीय रिपोर्ट और पुलिस की ओर से जुटाए गए साक्ष्यों का गहन अध्ययन किया। दोनों पक्षों की अंतिम दलीलें सुनने के बाद अदालत ने मोहम्मद चांद और बसंती हेम्ब्रम को दोषी ठहराया। अप्रैल 2025 में हुई थी हत्या सत्यवान मुर्मू की हत्या अप्रैल 2025 में हुई थी। मामले की जांच के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया था। अब अदालत ने दोनों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
