गया नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति के चुनाव में पांच पुराने सदस्यों ने अपनी सीट बरकरार रखी है, जबकि दो नए चेहरों ने समिति में जगह बनाई है। शुक्रवार को हुए इस चुनाव में कुल सात सीटों के लिए 14 उम्मीदवार मैदान में थे। इस परिणाम ने शहर की राजनीति में पुराने सदस्यों के प्रभाव को फिर से स्थापित किया है। समिति में दोबारा जीत हासिल करने वाले सदस्यों में पूर्व डिप्टी मेयर अखौरी ओंकार नाथ उर्फ मोहन श्रीवास्तव, विनोद प्रसाद यादव, चुन्नू खान, तबस्सुम परवीन और मनोज कुमार शामिल हैं। इन नेताओं ने लगातार दूसरी बार जीत दर्ज कर अपनी राजनीतिक पकड़ का प्रदर्शन किया। वहीं, सारिका वर्मा और उपेंद्र कुमार पहली बार समिति के सदस्य चुने गए हैं। यह चुनाव नगर निगम की राजनीति में बेहद प्रतिष्ठापूर्ण माना जा रहा था। सशक्त स्थायी समिति को नगर निगम की सबसे प्रभावशाली समिति माना जाता है, जो शहर के विकास कार्यों और वित्तीय निर्णयों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। चुनाव को लेकर पार्षदों के बीच समर्थन जुटाने और रणनीतियां बनाने का दौर कई दिनों से जारी था। पूर्व समिति सदस्य को मिली हार इस चुनाव में वार्ड संख्या 1 की पार्षद और पूर्व समिति सदस्य स्वर्णलता वर्मा को हार का सामना करना पड़ा, जो एक बड़ा उलटफेर माना जा रहा है। उनकी हार ने नगर निगम के राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दिया है। चुनाव के दौरान अंतिम समय तक जीत और हार को लेकर तरह-तरह की अटकलें लगती रहीं। कई वार्ड पार्षदों के रुख को लेकर भी लगातार चर्चाएं होती रहीं, जिससे मुकाबला और अधिक दिलचस्प बन गया। मतगणना पूरी होने और परिणाम घोषित होते ही विजयी उम्मीदवारों के समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। नगर निगम परिसर में ढोल-नगाड़ों, फूल-मालाओं और मिठाइयों के साथ विजेताओं का स्वागत किया गया। “जिंदाबाद” के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। मिठाई खिलाकर बधाई दी मौके पर मौजूद मेयर वीरेंद्र कुमार उर्फ गणेश पासवान ने सभी विजयी सदस्यों को मिठाई खिलाकर बधाई दी और उम्मीद जताई कि नई समिति शहर के विकास को नई दिशा देगी। जीत के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए पूर्व डिप्टी मेयर मोहन श्रीवास्तव ने कई बड़े विकास काम की घोषणा की। उन्होंने कहा कि अगले छह महीनों के भीतर गया शहर में विकास की नई तस्वीर दिखाई देगी। गांधी मैदान में प्रदूषण नियंत्रण के लिए आधुनिक प्रदूषण मुक्त टावर लगाए जाएंगे। इसके अलावा नगर निगम क्षेत्र के उन इलाकों में, जहां अब तक मैकेनिकल स्वीपिंग की सुविधा नहीं पहुंच सकी है, वहां अगले एक महीने के भीतर आधुनिक सफाई व्यवस्था शुरू कराई जाएगी। उन्होंने दावा किया कि गया को स्वच्छता सर्वेक्षण में देश के टॉप-10 शहरों में शामिल कराने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। साथ ही शहर में आधुनिक बस स्टॉप का निर्माण, वार्ड स्तर पर पुस्तक भवन की स्थापना और गली-गली एलईडी लाइट लगाने की योजनाओं को भी जल्द धरातल पर उतारा जाएगा।
गया निगम स्थायी समिति चुनाव खत्म, 5 पुराने सदस्य जीते:2 नए चेहरों की एंट्री, 14 उम्मीदवारों के बीच कांटे की रही टक्कर
गया नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति के चुनाव में पांच पुराने सदस्यों ने अपनी सीट बरकरार रखी है, जबकि दो नए चेहरों ने समिति में जगह बनाई है। शुक्रवार को हुए इस चुनाव में कुल सात सीटों के लिए 14 उम्मीदवार मैदान में थे। इस परिणाम ने शहर की राजनीति में पुराने सदस्यों के प्रभाव को फिर से स्थापित किया है। समिति में दोबारा जीत हासिल करने वाले सदस्यों में पूर्व डिप्टी मेयर अखौरी ओंकार नाथ उर्फ मोहन श्रीवास्तव, विनोद प्रसाद यादव, चुन्नू खान, तबस्सुम परवीन और मनोज कुमार शामिल हैं। इन नेताओं ने लगातार दूसरी बार जीत दर्ज कर अपनी राजनीतिक पकड़ का प्रदर्शन किया। वहीं, सारिका वर्मा और उपेंद्र कुमार पहली बार समिति के सदस्य चुने गए हैं। यह चुनाव नगर निगम की राजनीति में बेहद प्रतिष्ठापूर्ण माना जा रहा था। सशक्त स्थायी समिति को नगर निगम की सबसे प्रभावशाली समिति माना जाता है, जो शहर के विकास कार्यों और वित्तीय निर्णयों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। चुनाव को लेकर पार्षदों के बीच समर्थन जुटाने और रणनीतियां बनाने का दौर कई दिनों से जारी था। पूर्व समिति सदस्य को मिली हार इस चुनाव में वार्ड संख्या 1 की पार्षद और पूर्व समिति सदस्य स्वर्णलता वर्मा को हार का सामना करना पड़ा, जो एक बड़ा उलटफेर माना जा रहा है। उनकी हार ने नगर निगम के राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दिया है। चुनाव के दौरान अंतिम समय तक जीत और हार को लेकर तरह-तरह की अटकलें लगती रहीं। कई वार्ड पार्षदों के रुख को लेकर भी लगातार चर्चाएं होती रहीं, जिससे मुकाबला और अधिक दिलचस्प बन गया। मतगणना पूरी होने और परिणाम घोषित होते ही विजयी उम्मीदवारों के समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। नगर निगम परिसर में ढोल-नगाड़ों, फूल-मालाओं और मिठाइयों के साथ विजेताओं का स्वागत किया गया। “जिंदाबाद” के नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। मिठाई खिलाकर बधाई दी मौके पर मौजूद मेयर वीरेंद्र कुमार उर्फ गणेश पासवान ने सभी विजयी सदस्यों को मिठाई खिलाकर बधाई दी और उम्मीद जताई कि नई समिति शहर के विकास को नई दिशा देगी। जीत के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए पूर्व डिप्टी मेयर मोहन श्रीवास्तव ने कई बड़े विकास काम की घोषणा की। उन्होंने कहा कि अगले छह महीनों के भीतर गया शहर में विकास की नई तस्वीर दिखाई देगी। गांधी मैदान में प्रदूषण नियंत्रण के लिए आधुनिक प्रदूषण मुक्त टावर लगाए जाएंगे। इसके अलावा नगर निगम क्षेत्र के उन इलाकों में, जहां अब तक मैकेनिकल स्वीपिंग की सुविधा नहीं पहुंच सकी है, वहां अगले एक महीने के भीतर आधुनिक सफाई व्यवस्था शुरू कराई जाएगी। उन्होंने दावा किया कि गया को स्वच्छता सर्वेक्षण में देश के टॉप-10 शहरों में शामिल कराने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। साथ ही शहर में आधुनिक बस स्टॉप का निर्माण, वार्ड स्तर पर पुस्तक भवन की स्थापना और गली-गली एलईडी लाइट लगाने की योजनाओं को भी जल्द धरातल पर उतारा जाएगा।


