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पितृपक्ष मेला 2026 से पहले गया आने वाले श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुंदर शहर दिखाने के लिए नगर निगम की ओर से साफ-सफाई का अभियान शुरू कर दिया है। गुरुवार को गया कलेक्ट्रेट परिसर से ‘सबकी जिम्मेदारी, सबकी भागीदारी’ संदेश के साथ एक स्वच्छता रैली निकाली गई। जिलाधिकारी शशांक शुभंकर, मेयर गणेश पासवान, नगर आयुक्त डॉ. गगन और स्टैंडिंग कमेटी के सदस्य मोहन श्रीवास्तव ने सफाईकर्मियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान सफाईकर्मियों को बारकोड वाले पहचान पत्र भी दिए गए। अभियान के तहत शहर की मुख्य सड़कों, गलियों, सार्वजनिक जगहों, मेला क्षेत्र और पानी के स्रोतों की सफाई पर खास ध्यान दिया जाएगा। नगर आयुक्त बोले- 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान नगर आयुक्त डॉ. गगन ने बताया कि ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसका मकसद स्वच्छता का संदेश लोगों तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि सिर्फ सफाईकर्मियों से शहर को साफ रखना मुमकिन नहीं है। इसके लिए आम लोगों की हिस्सेदारी भी जरूरी है। अभियान में गलियों और सड़कों के साथ जलाशयों की भी सफाई कराई जाएगी। स्कूली बच्चों, कॉलेज के छात्रों, एनसीसी और एनएसएस को भी इस अभियान से जोड़ा जाएगा। नगर आयुक्त ने कहा कि पितृपक्ष के दौरान देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को स्वच्छ गया का संदेश मिले, इसके लिए नगर निगम ने पूरी तैयारी कर ली है। मेयर बोले- पितृपक्ष में आने वाले श्रद्धालुओं को सुंदर, स्वच्छ सहर दिखाना प्राथमिकता मेयर गणेश पासवान ने कहा कि पितृपक्ष मेला गया की पहचान और आस्था से जुड़ा एक अहम पर्व है। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के आने की वजह से शहर को साफ और सुंदर रखना नगर निगम की प्राथमिकता है। उन्होंने गया के नागरिकों से अपील की है कि वे घरों का कूड़ा सड़क, नाली या सार्वजनिक जगहों पर न फेंके। कूड़ा निगम के वाहन को ही दें। नगर निगम की ओर से घर-घर कूड़ा उठाने की व्यवस्था की गई है। लोग अपना कचरा निगम के सफाई वाहन को ही दें। मेयर ने कहा कि स्वच्छ गया बनाने की जिम्मेदारी सिर्फ नगर निगम के कर्मचारियों की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की है। आने वाले दिनों में पितृपक्ष के साथ दुर्गापूजा, दीपावली और छठ महापर्व जैसे बड़े पर्व भी हैं। इसे देखते हुए नगर निगम की टीम लगातार सक्रिय रहेगी। मोहन श्रीवास्तव बोले- सफाईकर्मी सचमुच ‘स्वच्छता के योद्धा’ नगर निगम के पूर्व डिप्टी मेयर सह स्टैंडिंग कमेटी के सदस्य मोहन श्रीवास्तव ने सफाईकर्मियों की भूमिका की सराहना करते हुए उन्हें ‘स्वच्छता का योद्धा’ बताया। उन्होंने कहा कि सफाई का काम जितना सामान्य दिखाई देता है, वास्तव में उतना ही चुनौतीपूर्ण है। सफाईकर्मी शहर के कचरे, गंदे पानी और अन्य अपशिष्ट के निस्तारण का कठिन कार्य लगातार करते हैं। उन्होंने कहा कि सफाईकर्मी कठिन परिस्थितियों में काम करते हुए शहर को स्वच्छ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। समाज को उनके योगदान को समझने और सम्मान देने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि गंदगी और कचरे का गलत तरीके से निस्तारण जनस्वास्थ्य के लिए चुनौती बन सकता है। मोहन श्रीवास्तव ने लोगों से अपील की कि पर्व-त्योहार के दौरान सड़क, नाली, तालाब अथवा अन्य सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नहीं फेंकें। निर्धारित स्थान पर ही कचरा डालें और नगर निगम की स्वच्छता व्यवस्था में सहयोग करें। उन्होंने कहा, “मैं दिल से स्वच्छता की शपथ लेता हूं और लोगों से भी अपील करता हूं कि वे स्वच्छता को अपनी जिम्मेदारी समझें। जब सफाईकर्मी शहर को साफ रखने के लिए लगातार मेहनत कर सकते हैं, तो आम नागरिक भी अपने स्तर से सहयोग कर सकते हैं।” नगर निगम के इस अभियान का लक्ष्य पितृपक्ष से पहले गया को स्वच्छ, सुंदर और श्रद्धालुओं के स्वागत के लिए तैयार करना है। प्रशासन और नगर निगम ने अभियान में आम लोगों की भागीदारी को इसकी सफलता की अहम कड़ी बताया है।
पितृपक्ष मेला में श्रद्धालुओं दिखेगा स्वस्छ, सुंदर गया:डीएम, मेयर ने स्वच्छता ही सेवा अभियान को दिखाई हरी झंडी, 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा
