गुमला में भारतमाला परियोजना के तहत काम कर रहे मजदूरों ने बकाया मजदूरी का भुगतान न होने पर शिवालया कंस्ट्रक्शन के कार्यालय परिसर में एचआर मैनेजर के साथ मारपीट की। यह घटना बकाया भुगतान को लेकर तीखी नोकझोंक के बाद हुई, जिसमें ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों का आरोप है कि परियोजना से जुड़ी कंपनी ने उनसे काम तो कराया, लेकिन मजदूरी का भुगतान समय पर नहीं किया जा रहा है। कंपनी प्रबंधन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया उनका कहना है कि भुगतान के लिए कई बार मांग करने के बावजूद कोई ठोस पहल नहीं की गई, जिससे उनमें भारी नाराजगी है। आक्रोशित ग्रामीणों ने निर्माण स्थल पर पहुंचकर कंपनी प्रबंधन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया। ग्रामीण गंगा सिंह ने बताया कि वे सभी भूमि सिक्योरिटी मैनेजमेंट कंपनी के माध्यम से भारतमाला परियोजना में नाइट गार्ड के रूप में कार्यरत थे। काम करने के बावजूद कई लोगों का मेहनताना अभी तक बकाया है। उन्होंने विशिष्ट रूप से बताया कि विराज सिंह का 20 दिन, पंकज पांडेय का 23 दिन, महादेव महतो का 21 दिन, सूरज सिंह का 58 दिन, गणेश सिंह का 34 दिन, प्रीतम कुमार का 28 दिन, गंगा सिंह का 54 दिन, रामकुमार गुप्ता का 53 दिन, लुईस मिंज का 52 दिन और अमर सिंह का 20 दिन का भुगतान लंबित है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही बकाया भुगतान नहीं किया गया, तो वे अपने आंदोलन को और तेज करेंगे। उन्होंने कहा कि इसकी पूरी जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन की होगी।
बकाया मजदूरी पर मजदूरों ने HR मैनेजर को पीटा:शिवालया कंस्ट्रक्शन के कार्यालय परिसर में हुई घटना, आंदोलन तेज करने की चेतावनी
गुमला में भारतमाला परियोजना के तहत काम कर रहे मजदूरों ने बकाया मजदूरी का भुगतान न होने पर शिवालया कंस्ट्रक्शन के कार्यालय परिसर में एचआर मैनेजर के साथ मारपीट की। यह घटना बकाया भुगतान को लेकर तीखी नोकझोंक के बाद हुई, जिसमें ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों का आरोप है कि परियोजना से जुड़ी कंपनी ने उनसे काम तो कराया, लेकिन मजदूरी का भुगतान समय पर नहीं किया जा रहा है। कंपनी प्रबंधन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया उनका कहना है कि भुगतान के लिए कई बार मांग करने के बावजूद कोई ठोस पहल नहीं की गई, जिससे उनमें भारी नाराजगी है। आक्रोशित ग्रामीणों ने निर्माण स्थल पर पहुंचकर कंपनी प्रबंधन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया। ग्रामीण गंगा सिंह ने बताया कि वे सभी भूमि सिक्योरिटी मैनेजमेंट कंपनी के माध्यम से भारतमाला परियोजना में नाइट गार्ड के रूप में कार्यरत थे। काम करने के बावजूद कई लोगों का मेहनताना अभी तक बकाया है। उन्होंने विशिष्ट रूप से बताया कि विराज सिंह का 20 दिन, पंकज पांडेय का 23 दिन, महादेव महतो का 21 दिन, सूरज सिंह का 58 दिन, गणेश सिंह का 34 दिन, प्रीतम कुमार का 28 दिन, गंगा सिंह का 54 दिन, रामकुमार गुप्ता का 53 दिन, लुईस मिंज का 52 दिन और अमर सिंह का 20 दिन का भुगतान लंबित है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही बकाया भुगतान नहीं किया गया, तो वे अपने आंदोलन को और तेज करेंगे। उन्होंने कहा कि इसकी पूरी जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन की होगी।

