बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा घोषित मैट्रिक परीक्षा 2026 के परिणाम में बांका जिले ने ऐतिहासिक सफलता हासिल की है। जिले के कई छात्रों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए न केवल जिला बल्कि पूरे बिहार में अपना परचम लहराया है। इस बार सबसे बड़ी उपलब्धि रजौन प्रखंड के गोपालपुर गांव की छात्रा पुष्पांजलि कुमारी के नाम रही, जिन्होंने 492 अंक प्राप्त कर पूरे बिहार में पहला स्थान हासिल किया है। इसके अलावा जिले में शंभूगंज प्रखंड के असौता पोखर निवासी किसान भवेश यादव के पुत्र अनुभव कुमार ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 487 अंक प्राप्त किए और जिले में प्रथम स्थान हासिल किया। आयशा-सुभाष का जिले में दूसरा स्थान
आयशा खातून और सुभाष कुमार ने 485 अंक लाकर संयुक्त रूप से दूसरा स्थान प्राप्त किया है। वहीं राखी कुमारी और आशीष कुमार ने 484 अंक प्राप्त कर जिले में तीसरा स्थान हासिल किया है। जिले के छात्रों की इस शानदार सफलता से पूरे बांका जिले में खुशी और गर्व का माहौल है। रजौन प्रखंड के सिंहनान पंचायत अंतर्गत छोटे से गांव गोपालपुर निवासी शिक्षक लालमोहन शर्मा की पुत्री पुष्पांजलि कुमारी ने 98.4 प्रतिशत अंक प्राप्त कर बिहार टॉपर बनकर इतिहास रच दिया। पुष्पांजलि की इस उपलब्धि से न केवल उनका परिवार बल्कि पूरा गांव और जिला गौरवान्वित महसूस कर रहा है। टॉपर बनने की खबर मिलते ही उनके घर पर बधाई देने वालों का तांता लग गया। पुष्पांजलि ने बताया कि वह आगे की पढ़ाई कर वैज्ञानिक बनना चाहती हैं और देश के लिए कुछ नया करना चाहती हैं। अनुभव यादव भी टॉप टेन में शामिल
वहीं जिले के शंभूगंज प्रखंड के असौता पोखर निवासी किसान भवेश यादव के पुत्र अनुभव कुमार ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 487 अंक प्राप्त किए और जिले में प्रथम स्थान हासिल किया। अनुभव ने 97.4 प्रतिशत अंक लाकर राज्य स्तर पर भी टॉप-10 में जगह बनाई है। अनुभव मदिता विद्यार्थी उच्च विद्यालय भरतशीला के छात्र हैं। उन्होंने बताया कि उनका सपना आगे चलकर एनडीए के माध्यम से भारतीय सेना में जाकर देश की सेवा करना है। अनुभव के पिता भवेश यादव किसान हैं और बेटे की इस उपलब्धि से पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। जैसे ही परिणाम की जानकारी मिली, गांव और क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ पड़ी। डॉक्टर बनना चाहते हैं आनंद
इसी क्रम में रजौन प्रखंड के परघड़ी गांव निवासी किसान सुमन कुमार सिंह के पुत्र आनंद कुमार ने भी मैट्रिक परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए बिहार टॉप-10 में आठवां स्थान प्राप्त किया है। आनंद कुमार को कुल 483 अंक मिले हैं। वह उत्क्रमित मध्य विद्यालय परघड़ी तथा मां शारदे कोचिंग सेंटर बामदेव के छात्र हैं। किसान परिवार से आने वाले आनंद की इस सफलता से उनके गांव और शिक्षकों में भी काफी खुशी देखी जा रही है। आनंद कुमार ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और कोचिंग संस्थान के शिक्षकों को दिया है। उन्होंने बताया कि कोचिंग के शिक्षक प्रीतेश कुमार, रमन कुमार राणा, अमरेश सिंह, संतोष पंडित, प्रीतम कुमार, विक्की कुमार, सोनू, निधि और प्रिंस का मार्गदर्शन उन्हें लगातार मिलता रहा। आनंद रोजाना कोचिंग के अलावा चार से पांच घंटे नियमित स्वाध्याय करते थे, जो उनकी सफलता का मुख्य कारण बना। उन्होंने बताया कि आगे चलकर वह डॉक्टर बनना चाहते हैं।