सीतामढ़ी जिला प्राथमिक शिक्षक संघ की एक महत्वपूर्ण बैठक गुरुवार को डुमरा स्थित आदर्श मध्य विद्यालय सोशल क्लब में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता संघ के जिलाध्यक्ष सत्येंद्र नारायण मिश्र ने की, जबकि संचालन संयुक्त प्रधान सचिव डीएन सिंह राठौड़ ने किया। इसमें जिले के विभिन्न प्रखंडों से बड़ी संख्या में शिक्षक और संघ पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक में शिक्षकों की लंबित समस्याओं, उनके समाधान और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा हुई। शिक्षकों ने कई प्रशासनिक और विभागीय मुद्दे उठाए। संघ के प्रधान सचिव डीएन सिंह राठौड़ ने कहा कि यदि शिक्षकों को सम्मान और प्रोत्साहन मिले तथा उनकी समस्याओं का समय पर समाधान हो, तो विभाग के अधिकांश कार्य स्वतः सुचारु हो जाएंगे। उन्होंने लंबित मामलों के निष्पादन में देरी पर असंतोष व्यक्त किया। शिक्षकों से मिले सुझावों के आधार पर 14 सूत्री मांगों को प्रमुखता से रखा गया। इनमें भूतलक्षी प्रभाव से प्रोन्नति का लाभ, विशिष्ट शिक्षक, विद्यालय अध्यापक एवं प्रधान शिक्षक को नगर परिवहन भत्ता, प्रधान शिक्षकों का सम्मानजनक वेतन निर्धारण, नियमित एवं नियोजित शिक्षकों को प्रोन्नति और एमएसीपी का लाभ शामिल हैं। अन्य प्रमुख मांगों में सभी शिक्षकों के बकाया भुगतान, सेवापूर्व प्रशिक्षित शिक्षकों की वेतन विसंगति दूर करना, पारस्परिक स्थानांतरण की सुविधा, जिला शिक्षा पदाधिकारी की अध्यक्षता में स्थानांतरण समिति का गठन, प्रत्येक माह की पहली तारीख को वेतन भुगतान और कार्यालयों की कार्य संस्कृति में सुधार शामिल हैं। संघ पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन शुरू करने को बाध्य होगा। बैठक में कार्यकारी अध्यक्ष रशीद फहमी, रामेश्वर सिंह कुशवाहा, विनोद प्रसाद यादव, अनिल कुमार, अरविंद कुमार, राम विनय सिंह, सुरेश कुमार, इकरामुल हक, सत्येंद्र कुमार, पंकज कुमार, नंदकिशोर महतो, मो. रेहान अहमद सहित जिले भर के दर्जनों शिक्षक उपस्थित थे।
सीतामढ़ी प्राथमिक शिक्षक संघ आंदोलन को तैयार:14 सूत्री मांगों पर बैठक में बनी रणनीति, सरकार को चेतावनी
सीतामढ़ी जिला प्राथमिक शिक्षक संघ की एक महत्वपूर्ण बैठक गुरुवार को डुमरा स्थित आदर्श मध्य विद्यालय सोशल क्लब में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता संघ के जिलाध्यक्ष सत्येंद्र नारायण मिश्र ने की, जबकि संचालन संयुक्त प्रधान सचिव डीएन सिंह राठौड़ ने किया। इसमें जिले के विभिन्न प्रखंडों से बड़ी संख्या में शिक्षक और संघ पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक में शिक्षकों की लंबित समस्याओं, उनके समाधान और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा हुई। शिक्षकों ने कई प्रशासनिक और विभागीय मुद्दे उठाए। संघ के प्रधान सचिव डीएन सिंह राठौड़ ने कहा कि यदि शिक्षकों को सम्मान और प्रोत्साहन मिले तथा उनकी समस्याओं का समय पर समाधान हो, तो विभाग के अधिकांश कार्य स्वतः सुचारु हो जाएंगे। उन्होंने लंबित मामलों के निष्पादन में देरी पर असंतोष व्यक्त किया। शिक्षकों से मिले सुझावों के आधार पर 14 सूत्री मांगों को प्रमुखता से रखा गया। इनमें भूतलक्षी प्रभाव से प्रोन्नति का लाभ, विशिष्ट शिक्षक, विद्यालय अध्यापक एवं प्रधान शिक्षक को नगर परिवहन भत्ता, प्रधान शिक्षकों का सम्मानजनक वेतन निर्धारण, नियमित एवं नियोजित शिक्षकों को प्रोन्नति और एमएसीपी का लाभ शामिल हैं। अन्य प्रमुख मांगों में सभी शिक्षकों के बकाया भुगतान, सेवापूर्व प्रशिक्षित शिक्षकों की वेतन विसंगति दूर करना, पारस्परिक स्थानांतरण की सुविधा, जिला शिक्षा पदाधिकारी की अध्यक्षता में स्थानांतरण समिति का गठन, प्रत्येक माह की पहली तारीख को वेतन भुगतान और कार्यालयों की कार्य संस्कृति में सुधार शामिल हैं। संघ पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई, तो संगठन चरणबद्ध आंदोलन शुरू करने को बाध्य होगा। बैठक में कार्यकारी अध्यक्ष रशीद फहमी, रामेश्वर सिंह कुशवाहा, विनोद प्रसाद यादव, अनिल कुमार, अरविंद कुमार, राम विनय सिंह, सुरेश कुमार, इकरामुल हक, सत्येंद्र कुमार, पंकज कुमार, नंदकिशोर महतो, मो. रेहान अहमद सहित जिले भर के दर्जनों शिक्षक उपस्थित थे।


