औरंगाबाद के मदनपुर प्रखंड स्थित ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले सीता थापा मंदिर और उमंगेश्वरी तालाब के विकास और जीर्णोद्धार को लेकर जिला प्रशासन ने पहल तेज कर दी है। गुरुवार को जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने दोनों स्थलों का स्थलीय निरीक्षण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं, संरचनाओं और विकास की संभावनाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारियों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया गया। सीता थापा मंदिर का निरीक्षण किया सबसे पहले डीएम ने मदनपुर प्रखंड के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले सीता थापा मंदिर का निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य मंदिर के संरक्षण, सौंदर्यीकरण और समुचित जीर्णोद्धार के लिए आवश्यक काम का आकलन करना था, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। निरीक्षण के दौरान मंदिर परिसर की संरचनात्मक स्थिति, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, शौचालय और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया। मंदिर के विकास के लिए प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश डीएम अभिलाषा शर्मा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि मंदिर के समग्र विकास के लिए शीघ्र विस्तृत प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक और धार्मिक स्थलों का संरक्षण सांस्कृतिक विरासत को बचाने के साथ-साथ स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा देगा। इससे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने विकास कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। जिला पदाधिकारी ने उमंगेश्वरी तालाब का भी निरीक्षण किया। इस दौरान तालाब की वर्तमान स्थिति, जल क्षेत्र का विस्तार, संपर्क मार्ग, प्राकृतिक सौंदर्य और आसपास उपलब्ध आधारभूत संरचनाओं का अवलोकन किया गया। निरीक्षण के दौरान तालाब के सौंदर्यीकरण, स्वच्छता व्यवस्था, पर्यटक सुविधाओं और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े पहलुओं पर चर्चा की गई। पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा सीता थापा डीएम ने जिला योजना पदाधिकारी को निर्देश दिया कि संबंधित विभागों के समन्वय से तालाब को आकर्षक और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए चरणबद्ध कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि योजना में स्थानीय लोगों की भागीदारी, रोजगार सृजन और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को भी शामिल किया जाए। जिला पदाधिकारी ने विशेष रूप से उमंगेश्वरी तालाब को इको-टूरिज्म एवं इको-स्पोर्ट्स हब के रूप में विकसित करने पर बल दिया। उन्होंने नौकायन, प्रकृति भ्रमण, ओपन स्पेस गतिविधियों और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन सुविधाओं के विकास की संभावनाओं पर कार्य करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार सिंह, जिला योजना पदाधिकारी अविनाश प्रकाश, प्रखंड विकास पदाधिकारी मदनपुर, अंचल अधिकारी मदनपुर सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
सीता थापा मंदिर-उमंगेश्वरी तालाब के विकास की तैयारी:औरंगाबाद डीएम ने किया निरीक्षण, बोली- इको टूरिज्म-स्पोर्ट्स हब के रूप में विकसित किया जाएगा
औरंगाबाद के मदनपुर प्रखंड स्थित ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले सीता थापा मंदिर और उमंगेश्वरी तालाब के विकास और जीर्णोद्धार को लेकर जिला प्रशासन ने पहल तेज कर दी है। गुरुवार को जिला पदाधिकारी अभिलाषा शर्मा ने दोनों स्थलों का स्थलीय निरीक्षण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं, संरचनाओं और विकास की संभावनाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारियों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया गया। सीता थापा मंदिर का निरीक्षण किया सबसे पहले डीएम ने मदनपुर प्रखंड के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले सीता थापा मंदिर का निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य मंदिर के संरक्षण, सौंदर्यीकरण और समुचित जीर्णोद्धार के लिए आवश्यक काम का आकलन करना था, ताकि श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। निरीक्षण के दौरान मंदिर परिसर की संरचनात्मक स्थिति, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, शौचालय और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया। मंदिर के विकास के लिए प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश डीएम अभिलाषा शर्मा ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि मंदिर के समग्र विकास के लिए शीघ्र विस्तृत प्रस्ताव तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक और धार्मिक स्थलों का संरक्षण सांस्कृतिक विरासत को बचाने के साथ-साथ स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा देगा। इससे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने विकास कार्यों में गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। जिला पदाधिकारी ने उमंगेश्वरी तालाब का भी निरीक्षण किया। इस दौरान तालाब की वर्तमान स्थिति, जल क्षेत्र का विस्तार, संपर्क मार्ग, प्राकृतिक सौंदर्य और आसपास उपलब्ध आधारभूत संरचनाओं का अवलोकन किया गया। निरीक्षण के दौरान तालाब के सौंदर्यीकरण, स्वच्छता व्यवस्था, पर्यटक सुविधाओं और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े पहलुओं पर चर्चा की गई। पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा सीता थापा डीएम ने जिला योजना पदाधिकारी को निर्देश दिया कि संबंधित विभागों के समन्वय से तालाब को आकर्षक और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए चरणबद्ध कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि योजना में स्थानीय लोगों की भागीदारी, रोजगार सृजन और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को भी शामिल किया जाए। जिला पदाधिकारी ने विशेष रूप से उमंगेश्वरी तालाब को इको-टूरिज्म एवं इको-स्पोर्ट्स हब के रूप में विकसित करने पर बल दिया। उन्होंने नौकायन, प्रकृति भ्रमण, ओपन स्पेस गतिविधियों और पर्यावरण-अनुकूल पर्यटन सुविधाओं के विकास की संभावनाओं पर कार्य करने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार सिंह, जिला योजना पदाधिकारी अविनाश प्रकाश, प्रखंड विकास पदाधिकारी मदनपुर, अंचल अधिकारी मदनपुर सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।


