धनबाद के महूदा थाना क्षेत्र के भुरुंगिया बस्ती निवासी हलीम शेख हत्याकांड का पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। जांच में सामने आया है कि इस जघन्य वारदात की साजिश किसी और ने नहीं, बल्कि मृतक के मंझले बेटे मोहम्मद इश्तियाक शेख ने अपने दो सहयोगियों के साथ मिलकर रची थी। बाघमारा एसडीपीओ अजीत कुमार विमल ने बताया कि घटना के बाद तुरंत एसआईटी और तकनीकी टीम गठित की गई थी। दोनों टीमों ने समन्वय के साथ काम करते हुए तेजी से साक्ष्य जुटाए और मामले की गुत्थी सुलझा ली। पुलिस ने सबसे पहले माथाटांड़ निवासी शाहबाज शेख को गिरफ्तार किया, जिसने पूछताछ में पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। धारदार हथियार से गला रेतकर की हत्या पुलिस के अनुसार, आरोपी शाहबाज शेख ने हलीम शेख को बक्सा बनाने के बहाने फोन कर कुलटांड़ जंगल बुलाया था। पहले से घात लगाए बैठे अन्य आरोपियों ने वहां पहुंचते ही धारदार हथियार से उनका गला रेतकर निर्मम हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद शव को झाड़ियों में छिपा दिया गया था। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव बरामद किया। मृतक के कपड़ों से मिले मोबाइल फोन और आधार कार्ड के जरिए उनकी पहचान की गई। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। जमीन बंटवारे को लेकर था विवाद मृतक की पत्नी नजबुन निशा ने बताया कि जमीन बंटवारे को लेकर इश्तियाक शेख का अपने पिता से लंबे समय से विवाद चल रहा था। हलीम शेख तीनों बेटों में जमीन बराबर बांटना चाहते थे, जबकि इश्तियाक उस पर अकेले कब्जा करना चाहता था। इस विवाद को लेकर कई बार पंचायत भी हो चुकी थी। आरोपी अपने पिता को लगातार जान से मारने की धमकी देता था। परिजनों के मुताबिक, इन धमकियों से हलीम शेख इतने डरे हुए थे कि उन्होंने कुछ दिन पहले अपना और पत्नी का कफन तक खरीद लिया था। एक पत्र लिखकर अनहोनी की आशंका जताई थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
जमीन विवाद में बेटे ने पिता की हत्या की:गला रेतकर जंगल में फेंका शव, 12 घंटे में पुलिस ने किया मामले का खुलासा
धनबाद के महूदा थाना क्षेत्र के भुरुंगिया बस्ती निवासी हलीम शेख हत्याकांड का पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। जांच में सामने आया है कि इस जघन्य वारदात की साजिश किसी और ने नहीं, बल्कि मृतक के मंझले बेटे मोहम्मद इश्तियाक शेख ने अपने दो सहयोगियों के साथ मिलकर रची थी। बाघमारा एसडीपीओ अजीत कुमार विमल ने बताया कि घटना के बाद तुरंत एसआईटी और तकनीकी टीम गठित की गई थी। दोनों टीमों ने समन्वय के साथ काम करते हुए तेजी से साक्ष्य जुटाए और मामले की गुत्थी सुलझा ली। पुलिस ने सबसे पहले माथाटांड़ निवासी शाहबाज शेख को गिरफ्तार किया, जिसने पूछताछ में पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। धारदार हथियार से गला रेतकर की हत्या पुलिस के अनुसार, आरोपी शाहबाज शेख ने हलीम शेख को बक्सा बनाने के बहाने फोन कर कुलटांड़ जंगल बुलाया था। पहले से घात लगाए बैठे अन्य आरोपियों ने वहां पहुंचते ही धारदार हथियार से उनका गला रेतकर निर्मम हत्या कर दी। वारदात को अंजाम देने के बाद शव को झाड़ियों में छिपा दिया गया था। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव बरामद किया। मृतक के कपड़ों से मिले मोबाइल फोन और आधार कार्ड के जरिए उनकी पहचान की गई। इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। जमीन बंटवारे को लेकर था विवाद मृतक की पत्नी नजबुन निशा ने बताया कि जमीन बंटवारे को लेकर इश्तियाक शेख का अपने पिता से लंबे समय से विवाद चल रहा था। हलीम शेख तीनों बेटों में जमीन बराबर बांटना चाहते थे, जबकि इश्तियाक उस पर अकेले कब्जा करना चाहता था। इस विवाद को लेकर कई बार पंचायत भी हो चुकी थी। आरोपी अपने पिता को लगातार जान से मारने की धमकी देता था। परिजनों के मुताबिक, इन धमकियों से हलीम शेख इतने डरे हुए थे कि उन्होंने कुछ दिन पहले अपना और पत्नी का कफन तक खरीद लिया था। एक पत्र लिखकर अनहोनी की आशंका जताई थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
