नई दिल्ली से रांची आने वाली इंडिगो की एयरबस A321 विमान (फ्लाइट 6E 2614) और इसमें 168 पैसेंजर सवार थे। इस विमान में गुरुवार दोपहर तकनीकी खराबी के कारण यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। यह विमान दोपहर 2.40 बजे दिल्ली से निर्धारित समय पर रवा
.
- यात्रियों के विरोध के बाद पायलट ने आखिरी पल में रोकी उड़ान, रनवे से लौटाया विमान
एक यात्री ने बताया कि इसके बावजूद विमान को रनवे तक ले जाया गया और टेकऑफ की तैयारी शुरू कर दी गई। विमान में अंदर लगातार बढ़ती गर्मी से यात्रियों को घुटन का सामना करना पड़ा। केबिन के अंदर डेढ़ घंटे तक हालात बेहद असहज बने रहे। कई यात्रियों ने क्रू मेंबर्स से शिकायत की, जिस पर उन्हें बताया गया कि टेक-ऑफ के बाद एसी सामान्य रूप से काम कर सकता है। लेकिन स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ, जिससे यात्रियों में नाराजगी बढ़ गई। धीरे-धीरे विमान के अंदर माहौल तनावपूर्ण हो गया और यात्रियों ने विरोध जताना शुरू कर दिया। इस दौरान क्रू मेंबर्स और यात्रियों के बीच तीखी बहस भी हुई।
लेकिन जब विमान टेकऑफ के बिल्कुल करीब पहुंचा, तभी पायलट ने सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उड़ान को रोकने का निर्णय लिया और विमान को रनवे से वापस लौटा दिया गया। इस फैसले के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली। हालांकि लंबे इंतजार और असुविधा को लेकर नाराजगी बनी रही। एयरलाइन की ओर से बताया गया कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और तकनीकी खराबी की जांच की जा रही है।

दोपहर 2.40 बजे दिल्ली एयरपोर्ट से उड़ान भरना था, शाम 6 बजे दूसरे विमान से भेजा गया
रात 8 बजे सकुशल रांची पहुंचे यात्री
एयरलाइन ने बाद में यात्रियों के लिए वैकल्पिक उड़ान की व्यवस्था की और शाम करीब 6:30 बजे सभी यात्रियों को दूसरी फ्लाइट से रांची के लिए रवाना किया गया। यह विमान रात लगभग 8 बजे सुरक्षित रूप से रांची एयरपोर्ट पर उतर गया। इधर रांची एयरपोर्ट पर यात्रियों के परिजन पहले से ही बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। उड़ान में देरी के कारण वे काफी परेशान रहे और लगातार एयरपोर्ट पर जानकारी के लिए पूछताछ करते दिखाई दिए।
विमान टेकऑफ कर जाता तो कोई बड़ा हादसा हो सकता था : रीतेश
सीट नंबर 19बी में बैठे यात्री रीतेश वाढेर ने बताया कि विमान में एसी काम नहीं करने के बावजूद विमान को रनवे तक ले जाया गया और टेक-ऑफ की तैयारी की गई। इस दौरान 168 यात्री विमान के अंदर मौजूद थे और उन्हें लगातार बढ़ती गर्मी और घुटन का सामना करना पड़ा। इन डेढ़ घंटों में क्रू मेंबर्स का व्यवहार यात्रियों के प्रति काफी खराब था। वे झूठ बोल रहे थे कि विमान उड़ान भरेगा, तब एसी काम करने लगेगा। इतना ही नहीं, हमें नाश्ता में भी सिर्फ दस रुपए का फ्रूटी और मिक्चर का एक छोटा पैकेट दिया गया। उन्होंने कहा कि यदि पैसेंजर खूब हंगामा नहीं करते तो रास्ते में कोई बड़ा हादसा हो सकता था।


