
Sreelekha Mitra FIR: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने रविवार को बांग्ला फिल्मों की जानी-मानी अभिनेत्री श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करायी. उनकी गिरफ्तारी की मांग की. पार्टी का आरोप है कि 2 दिन पहले कोलकाता में छात्रों की विरोध रैली के दौरान उन्होंने सार्वजनिक रूप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक आपत्तिजनक और अशोभनीय तस्वीर प्रदर्शित की थी.
केया घोष ने दर्ज करायी प्राथमिकी
भाजपा नेता और पार्टी प्रवक्ता केया घोष ने आनंदपुर पुलिस थाने में श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ शिकायत दर्ज करायी. बिधाननगर साइबर क्राइम पुलिस थाने और कई जिलों के अन्य पुलिस थानों में भी उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराये जाने की खबरें हैं.
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर हुआ था प्रदर्शन
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए 24 जुलाई को कोलकाता की सड़कों पर बड़ी संख्या में लोगों ने नीट परीक्षा पेपर लीक (NEET 2026 Paper Leak) के विरोध में प्रदर्शन किया. इसके एक दिन बाद ही दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया.
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एस्प्लेनेड इलाके में प्रदर्शित की थी आपत्तिजनक तस्वीर
श्रीलेखा ने मध्य कोलकाता के एस्प्लेनेड इलाके में हुए प्रदर्शन में हिस्सा लिया था. उन्होंने एक पोस्टर हाथ में लेकर तस्वीर खिंचवायी थी. शिकायत के अनुसार, उस पोस्टर पर प्रधानमंत्री की एक आपत्तिजनक तस्वीर प्रदर्शित की गयी थी.
रैली में श्रीलेखा मित्रा ने सक्रिय रूप से भाग लिया और सार्वजनिक रूप से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दर्शाने वाले एक अत्यंत अपमानजनक, आपत्तिजनक कार्टून/व्यंग्यचित्र वाले पोस्टर को प्रदर्शित किया. इस पोस्टर को जान-बूझकर एक प्रमुख सार्वजनिक स्थान पर प्रदर्शित किया गया, ताकि आम लोगों और मीडियाकर्मियों की मौजूदगी में भारत सरकार के संवैधानिक प्रमुख का मजाक उड़ाया जा सके. उन्हें नीचा दिखाया जा सके और उनका अपमान किया जा सके. -केया घोष, प्रवक्ता, भाजपा
श्रीलेखा के खिलाफ शिकायत में क्या?
श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ दर्ज करकायी गयी शिकायत में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की विभिन्न धाराओं का हवाला दिया गया है, जिनमें धारा 352 (शांति भंग के लिए उकसाना), धारा 353 (भड़काऊ कृत्य का सार्वजनिक रूप से समर्थन करना) और धारा 356 (मानहानि) शामिल हैं. शिकायत में कानून के तहत निर्धारित प्रावधानों के अनुसार त्वरित और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की गयी है.
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चश्मा नहीं पहना था, इसलिए पोस्टर साफ-साफ नहीं दिखा : श्रीलेखा
श्रीलेखा ने आरोपों पर सफाई दी है कि वह छात्रों और युवाओं के समर्थन में एकजुटता जताने के लिए प्रदर्शन में शामिल हुईं थीं. हालांकि, उन्होंने दावा किया कि उन्होंने अपना चश्मा नहीं पहना था. इसलिए वह उस पोस्टर को स्पष्ट रूप से नहीं देख पायीं थीं, जिसे उन्होंने हाथ में लिया था. पुलिस लाठीचार्ज कर रही थी. इसलिए मेरी तस्वीर जल्दबाजी में खींची गयी. मैंने कभी पोस्टर को पलटकर यह देखने की कोशिश भी नहीं की कि उस पर प्रधानमंत्री की किस तरह की तस्वीर थी.
मैं भाजपा की विरोधी हो सकती हूं, लेकिन मुझे राष्ट्रविरोधी कहना पूरी तरह हास्यास्पद है. यह सोचना भी उतना ही बेतुका है कि मैंने जान-बूझकर उस पोस्टर को हाथ में लेकर तस्वीर खिंचवाने का फैसला किया था. -श्रीलेखा मित्रा, अभिनेत्री
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