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समस्तीपुर में सोमवार को अखिल भारतीय किसान सभा, खेतिहर मजदूर यूनियन, सीआईटीयू और महिला समिति के कार्यकर्ताओं ने 12 सूत्री मांगों को लेकर ‘जेल भरो’ आंदोलन किया। विभूतिपुर के सीपीएम विधायक अजय कुमार के नेतृत्व में लगभग 2000 कार्यकर्ता समाहरणालय पहुंचे और केंद्र-राज्य सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने किसान, खेतिहर मजदूर, सामान्य मजदूर और महिलाओं से जुड़ी विभिन्न मांगों को उठाया। उनका आरोप था कि सरकार की नीतियों के कारण आम लोगों, किसानों और मजदूरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। संगठनों का कहना था कि लंबे समय से आंदोलन के बावजूद अपेक्षित कार्रवाई न होने पर यह कदम उठाया गया है। विधायक अजय कुमार ने बताया कि 12 सूत्री मांगों में 4 जनविरोधी लेबर कोड को रद्द करना, 3 किसान समझौतों को लागू करना (जो वापस ले लिए गए थे) और होल्डिंग टैक्स में कमी जैसी मांगें शामिल हैं। उन्होंने जोर दिया कि किसान और मजदूरों की समस्याओं का समाधान सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। आंदोलन के तहत करीब 2000 कार्यकर्ताओं को नगर थाना लाया गया। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक किसानों, खेतिहर मजदूरों और मजदूरों से जुड़ी समस्याओं पर गंभीरता से विचार नहीं किया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। सरकार से जल्द कार्रवाई की मांग अनुमंडल पदाधिकारी राकेश कुमार, सदर डीएसपी संजय कुमार पांडे और नगर थाना अध्यक्ष अजीत कुमार के नेतृत्व में पुलिस बल की तैनाती की गई थी। प्रदर्शन के बाद जेल भरो आंदोलन के तहत आंदोलन में शामिल कार्यकर्ताओं को पुलिस ने नगर थाना लाया। कार्यकर्ताओं ने नगर थाना परिसर में भी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। करीब 1 घंटे तक कार्यकर्ता नगर थाना परिसर में रहे। इस दौरान संगठन के नेताओं ने अपनी मांगों को दोहराते हुए सरकार से कार्रवाई की मांग की। बाद में पुलिस प्रशासन की ओर से सभी कार्यकर्ताओं को थाने से छोड़ दिया गया। आंदोलन के दौरान स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही।
कार्यकर्ताओं ने मांग पत्र सौंपा अनुमंडल पदाधिकारी राकेश कुमार ने बताया कि जेल भरो आंदोलन के तहत आंदोलन में शामिल कार्यकर्ताओं की ओर से मांगों से संबंधित मांग पत्र सौंपा गया है। मांग पत्र को पदाधिकारी के पास भेजा जाएगा, ताकि उसमें उठाई गई समस्याओं और मांगों पर विचार किया जा सके। आंदोलन में किसान सभा, खेतिहर मजदूर यूनियन, सीटू और महिला समिति से जुड़े कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने कहा कि किसान और मजदूरों के हितों से जुड़े मुद्दों को लेकर आगे भी संघर्ष जारी रखा जाएगा।
थाना परिसर में होती रही नारेबाजी प्रदर्शन के दौरान समाहरणालय और नगर थाना परिसर में काफी देर तक राजनीतिक नारेबाजी का दौर चलता रहा। करीब 2000 कार्यकर्ताओं की मौजूदगी के कारण समाहरणालय के आसपास सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई थी। प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित रखते हुए उन्हें नगर थाना पहुंचाया। बाद में सभी को मुक्त कर दिया गया। इस तरह जेल भरो अभियान शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त हुआ।

