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बक्सर में नाबालिग छात्रा के रेप, आपत्तिजनक वीडियो बनाने और ब्लैकमेल करने के मामले की जांच तेजी से आगे बढ़ रही है। पुलिस ने चार दिन की कार्रवाई में तीन नामजद आरोपियों के अलावा एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, यह आरोपी विकास पाल मुख्य आरोपी वीरेंद्र पाल के गलत कामों में उसका साथ दे रहा था। वीरेंद्र पाल की गिरफ्तारी पुलिस के लिए एक बड़ी चुनौती थी, क्योंकि वह लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था। पुलिस टीम उसके पीछे लगातार छापेमारी करती रही। वीरेंद्र पाल की मदद के आरोप में हुआ गिरफ्तार डुमरांव अनुमंडल के प्रभारी डीएसपी समीर सिंह ने बताया कि वीरेंद्र पाल गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार जगह बदल रहा था। पुलिस टीम को जैसे ही उसके संभावित ठिकानों की जानकारी मिलती, वहां छापा मारा जाता था। लेकिन, वह पुलिस के पहुंचने से पहले ही वहां से निकल जाता था। जांच में यह भी पता चला कि विकास पाल बाइक से वीरेंद्र पाल की मदद कर रहा था। पुलिस के अनुसार, वह लगातार उसके संपर्क में था और उसके गलत कामों में सहयोग कर रहा था। इसी वजह से उसे भी आरोपी बनाकर गिरफ्तार किया गया। बक्सर स्टेशन के पास से हुआ गिरफ्तार पुलिस के मुताबिक, वीरेंद्र पाल ने गिरफ्तारी से बचने के लिए बक्सर के एक छोटे रेलवे स्टेशन से भागने की कोशिश की थी। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी के कारण वह सफल नहीं हो पाया। इसके बाद 6 सितंबर को उसे बक्सर स्टेशन के पास से गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस के लिए यह गिरफ्तारी बहुत अहम मानी जा रही है, क्योंकि उसे पकड़ने के लिए टीम को सबसे ज्यादा छापेमारी करनी पड़ी थी। पुलिस अब उसके मोबाइल संपर्क, आने-जाने की जगहों और संभावित ठिकानों की जांच कर रही है। साथ ही, होटल के कमरों और आपत्तिजनक वीडियो की फोरेंसिक जांच भी तेज कर दी गई है। वीडियो असली है या नहीं, फोरेंसिक जांच से खुलेगा राज
मामले में सामने आए आपत्तिजनक वीडियो को पुलिस ने फोरेंसिक जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वीडियो मूल है या उसमें किसी तरह की छेड़छाड़ की गई है। इसके साथ ही वीडियो में दिखाई देने वाले स्थानों की पहचान भी जांच का अहम हिस्सा है। पुलिस और फोरेंसिक टीम बक्सर के एक तथा पटना के दो होटलों में भी जांच कर रही है। वीडियो के आधार पर होटल के कमरों और संभावित स्थानों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। पुलिस के अनुसार इस संबंध में मुख्य आरोपित अरविंद कुमार से भी जानकारी ली गई है। स्कूल के शिक्षक और छात्रों से भी गोपनीय पूछताछ
मामले की जांच अब सिर्फ गिरफ्तार आरोपितों तक सीमित नहीं है। डीएसपी के अनुसार विद्यालय के शिक्षकों से लगातार पूछताछ की जा रही है। यदि किसी शिक्षक की भूमिका संदिग्ध मिलती है या पूछताछ के दौरान कोई महत्वपूर्ण जानकारी सामने आती है, तो उसके आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा विद्यालय में पढ़ने वाले छात्रों से भी गोपनीय तरीके से पूछताछ की जा रही है, ताकि पुलिस को यह पता चल सके कि विद्यालय में आरोपितों की गतिविधियां कैसी थीं और घटना से जुड़ी कोई अन्य जानकारी किसी छात्र के पास है या नहीं। 12 छात्रों से रेप के दावे को पुलिस ने किया खारिज इस मामले में सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से कई तरह की चर्चाएं सामने आई थीं। इनमें 12 छात्रों के साथ दुष्कर्म किए जाने की बात भी कही जा रही थी। हालांकि प्रभारी डीएसपी समीर सिंह ने इसे स्पष्ट रूप से खारिज करते हुए कहा कि जांच में अभी तक 12 छात्रों के साथ रेप का कोई मामला सामने नहीं आया है। पुलिस ने यह भी कहा कि पीड़िता पूरी तरह सुरक्षित है और उसकी सुरक्षा को लेकर लगातार निगरानी रखी जा रही है। 4 दिन में 4 लोगों की गिरफ्तारी पुलिस के अनुसार 3 सितंबर को सूचना मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर विशेष टीम का गठन किया गया। इसके बाद तकनीकी अनुसंधान और मानवीय सूचना तंत्र के आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ी। जांच में विद्यालय के प्रधानाध्यापक, शिक्षक अरविंद कुमार, शिक्षक वीरेंद्र पाल और विकास पाल की भूमिका सामने आई और चारों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपितों में मो. इमाम अली अंसारी, अरविंद कुमार, वीरेंद्र पाल और विकास कुमार शामिल हैं। पुलिस दस्तावेज में वीरेंद्र पाल से जुड़े वर्ष 2020 के एक पुराने मामले का भी उल्लेख है।
अब जांच का फोकस वीडियो किसने बनाया, किस-किस तक पहुंचा और होटल कनेक्शन क्या है? चार गिरफ्तारियों के बाद भी पुलिस की जांच खत्म नहीं हुई है। अब जांच की दिशा तीन अहम बिंदुओं पर केंद्रित है वीडियो की वास्तविकता, उसके प्रसार की पूरी कड़ी और घटना से जुड़े संभावित होटल कनेक्शन। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि वीडियो किसने बनाया, उसे किन लोगों ने देखा या आगे भेजा और इसमें गिरफ्तार आरोपितों के अलावा किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं। यदि जांच के दौरान किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो पुलिस उसके खिलाफ भी कार्रवाई करेगी।

