Tuesday, June 30, 2026

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मधुबनी के देवहार में आयुष ग्राम कार्यक्रम:ग्रामीणों को हेल्थी लाइफस्टाइल के प्रति किया गया जागरूक


मधुबनी के अंधराठाड़ी प्रखंड स्थित देवहार गांव में राष्ट्रीय आयुष मिशन के अंतर्गत जनआरोग्य कार्यक्रम के तहत आयुष ग्राम कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बाबा मुक्तेश्वर टेन प्लस टू विद्यालय के प्रांगण में शुक्रवार को हुए इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम का उद्घाटन पूर्व जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. शोभा झा ने किया। इसकी अध्यक्षता जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. प्रेमलता ने की। इस अवसर पर देवहार पंचायत के मुखिया संतोष ठाकुर, पत्रकार प्रदीप चौधरी, विधायक प्रतिनिधि अरविंद चौधरी, कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष विनोद झा, विद्यालय के वरीय शिक्षक सरोज कुमार झा और समाजसेवी मदन मोहन झा सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। ग्रामीणों के लिए एक योग शिविर आयोजित किया कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों के लिए एक योग शिविर आयोजित किया गया। इसमें योग प्रशिक्षकों ने विभिन्न योगाभ्यास और प्राणायाम के माध्यम से स्वस्थ रहने के उपाय बताए। साथ ही, आयुर्वेद, यूनानी, होम्योपैथी और प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने ग्रामीणों को निःशुल्क स्वास्थ्य परामर्श प्रदान किया और इन चिकित्सा पद्धतियों के लाभों की विस्तृत जानकारी दी। पर्यावरण संरक्षण और औषधीय पौधों के महत्व को ध्यान में रखते हुए विभिन्न प्रकार के औषधीय पौधों का वृक्षारोपण भी किया गया। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण क्षेत्र की 30 महिलाओं को किचन गार्डन (गृह वाटिका) स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। उन्हें पोषक और औषधीय पौधों की खेती करने तथा परिवार के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने हेतु आवश्यक प्रशिक्षण और सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी। नुक्कड़ नाटक का भी आयोजन किया गया ग्रामीणों को स्वास्थ्य, स्वच्छता और प्राकृतिक चिकित्सा के महत्व से अवगत कराने के लिए एक नुक्कड़ नाटक का भी आयोजन किया गया। इस नाटक के माध्यम से लोगों को संतुलित आहार, स्वच्छ जीवनशैली और प्राकृतिक चिकित्सा के महत्व के प्रति जागरूक किया गया। जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. प्रेमलता ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण समाज में आयुष चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा देना और लोगों को प्राकृतिक तथा पारंपरिक तरीकों से स्वस्थ रहने के लिए प्रेरित करना है।

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