बिहार राज्य खाद्य आयोग के सदस्य अंगद कुमार कुशवाहा ने सोमवार को सहरसा जिले के महिषी प्रखंड का दौरा किया। उन्होंने बलुआहा मिडिल स्कूल और एफएफसी गोदाम का निरीक्षण किया, जहां हाल ही में मिड-डे मील खाने से बच्चे बीमार हो गए थे। इस दौरान उन्होंने बीमार हुए स्कूली बच्चों और उनके अभिभावकों से मुलाकात कर घटना की विस्तृत जानकारी ली। उनके साथ राष्ट्रीय लोक मोर्चा खगड़िया के जिला संयोजक परमानंद सिंह, सहरसा जिला संयोजक अविनाश सिंह और पार्टी के प्रदेश महासचिव जीसू सिंह भी मौजूद थे। सैकड़ों बच्चों की तबीयत बिगड़ गई थी
अंगद कुमार कुशवाहा ने बताया कि महिषी प्रखंड के बलुआहा मिडिल स्कूल में 7 मई को मिड-डे मील खाने के बाद सैकड़ों बच्चों की तबीयत बिगड़ गई थी। समय पर इलाज और चिकित्सकीय देखरेख के कारण सभी बच्चे अब सुरक्षित हैं। उन्होंने संतोष व्यक्त किया कि कोई बड़ी दुर्घटना नहीं हुई। उन्होंने स्कूल पहुंचकर शिक्षकों, बच्चों और स्थानीय अभिभावकों से अलग-अलग बातचीत की और घटना के विभिन्न पहलुओं पर जानकारी जुटाई। उन्होंने बताया कि जिस एनजीओ के माध्यम से भोजन उपलब्ध कराया गया था, उसकी भूमिका की भी जांच की जा रही है। प्रशासनिक अधिकारियों की एक टीम पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। भोजन की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा
खाद्य आयोग सदस्य ने स्पष्ट किया कि जांच में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए गंभीर है। निरीक्षण के बाद उन्होंने बताया कि वर्तमान स्थिति सामान्य है और स्कूल परिसर या गोदाम में कहीं भी किसी प्रकार की गंदगी नहीं पाई गई। उन्होंने आश्वासन दिया कि बच्चों के स्वास्थ्य और भोजन की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

