जहानाबाद पुलिस ने मानव तस्करी, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के गंभीर मामलों में छह वर्षों से फरार चल रहे मुख्य अभियुक्त नागेंद्र उर्फ भोला को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत टेहटा थाना पुलिस द्वारा की गई। अभियुक्त नागेंद्र उर्फ भोला टेहटा थाना कांड संख्या 694/23 में नामजद आरोपी है। उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धाराओं (अपहरण, दुष्कर्म, मानव तस्करी), पॉक्सो एक्ट (नाबालिग का यौन शोषण) और अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम (ITPA) के तहत आरोप दर्ज हैं। गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही थी पुलिस एसडीपीओ मनीष चंद्र चौधरी ने बताया कि अभियुक्त पिछले छह वर्षों से फरार चल रहा था। पुलिस लगातार उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही थी, लेकिन वह पकड़ में नहीं आ रहा था। पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि अभियुक्त इलाके में आया हुआ है। इसी सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार अभियुक्त का चिकित्सीय परीक्षण कराया गया है। उसे माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है।
मानव तस्करी, रेप का मुख्य आरोपी गिरफ्तार:जहानाबाद में 6 सालों से फरार चल रहा था आरोपी
जहानाबाद पुलिस ने मानव तस्करी, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के गंभीर मामलों में छह वर्षों से फरार चल रहे मुख्य अभियुक्त नागेंद्र उर्फ भोला को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत टेहटा थाना पुलिस द्वारा की गई। अभियुक्त नागेंद्र उर्फ भोला टेहटा थाना कांड संख्या 694/23 में नामजद आरोपी है। उसके खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) की धाराओं (अपहरण, दुष्कर्म, मानव तस्करी), पॉक्सो एक्ट (नाबालिग का यौन शोषण) और अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम (ITPA) के तहत आरोप दर्ज हैं। गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही थी पुलिस एसडीपीओ मनीष चंद्र चौधरी ने बताया कि अभियुक्त पिछले छह वर्षों से फरार चल रहा था। पुलिस लगातार उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही थी, लेकिन वह पकड़ में नहीं आ रहा था। पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि अभियुक्त इलाके में आया हुआ है। इसी सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार अभियुक्त का चिकित्सीय परीक्षण कराया गया है। उसे माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है।
