भास्कर न्यूज | सरायकेला झारखंड मुक्ति मोर्चा जिला समिति, सरायकेला-खरसावां के तत्वावधान में बुधवार को सरायकेला टाउन हॉल में बीएलए-2 प्रशिक्षण सह कार्यशाला एवं संगठन सुदृढ़ीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के तहत मतदाता सूची पुनरीक्षण कार्य को लेकर कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया तथा संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने पर चर्चा की गई। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता झामुमो के केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता विनोद कुमार पाण्डेय ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती निष्पक्ष एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची पर निर्भर करती है। उन्होंने कहा कि बीएलए-2 कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहकर मतदाताओं को जागरूक करें तथा पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में दर्ज कराने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान किसी भी प्रकार की त्रुटि को समय पर दूर करना आवश्यक है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए झामुमो जिलाध्यक्ष डॉ. शुभेन्दु महतो ने कहा कि संगठन की वास्तविक ताकत बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं में निहित है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से जनसंपर्क बढ़ाने और लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में आम जनता की भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में सांसद जोबा माझी, विधायक सविता महतो, विधायक दशरथ गागराई, जिला सचिव बैद्यनाथ टुडू, केंद्रीय सदस्य गणेश चौधरी, गणेश महाली, सुधीर महतो, गुरुचरण किस्कू, चारु चांद किस्कू, कृष्णा बास्के, काबलू महतो, सुधीर किस्कू, रानी हेम्ब्रम, ओम प्रकाश लायक,भोला महंती, शंभू आचार्य ,कृष्णा राणा सहित जिला, प्रखंड, नगर, पंचायत एवं बूथ समिति के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
कांग्रेसी नेता केपी सोरेन ने समर्थकों के साथ झामुमो का दामन थामा : झारखंड मुक्ति मोर्चा के बीएलए-2 प्रशिक्षण सह कार्यशाला के दौरान आदित्यपुर क्षेत्र के केपी सोरेन, खरसावां के बीरबल सरदार तथा सरायकेला क्षेत्र की सुनिला सुतार सहित सैकड़ों समर्थकों ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता विनोद कुमार पाण्डेय एवं अन्य नेताओं ने सभी नवप्रवेशी सदस्यों को पार्टी का पट्टा पहनाकर स्वागत किया। इस अवसर पर लंबे समय तक कांग्रेस पार्टी से जुड़े रहे केपी सोरेन ने कहा कि कांग्रेस अब पूर्व की तरह नहीं रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी का उपयोग व्यक्तिगत स्वार्थों के लिए किया जा रहा है, जिससे समर्पित कार्यकर्ताओं की उपेक्षा हो रही है। उन्होंने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा जल, जंगल और जमीन की लड़ाई लड़ने वाली पार्टी है तथा आदिवासियों को शोषण से मुक्ति दिलाने के लिए लगातार संघर्ष करती रही है।

