शिवहर के बेलसंड विधानसभा क्षेत्र में चंदौली पावर हाउस के पास बीती रात भीषण अग्निकांड हुआ। इस घटना में तीन परिवारों के घर जलकर राख हो गए, जिससे लाखों की संपत्ति का नुकसान हुआ है। अग्निकांड में तीन घरों के साथ दो मोटरसाइकिल, साइकिल, बिजली के पंखे और अन्य आवश्यक घरेलू सामान पूरी तरह नष्ट हो गए। इससे प्रभावित परिवारों के सामने तत्काल आवास और जीवनयापन का संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय निवासी रौशन कुमार ने बताया कि तेज हवाओं और आग की ऊंची लपटों के कारण लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते वर्षों की जमा-पूंजी राख में बदल गई। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक तीनों परिवारों को भारी क्षति हो चुकी थी। अग्निकांड की जानकारी मिलने पर प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और नुकसान का जायजा लिया। आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रशासन द्वारा मामले की जांच और क्षति का आकलन किया जा रहा है। इस हादसे के बाद प्रभावित परिवारों के सामने रहने और भोजन की समस्या उत्पन्न हो गई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवारों को तत्काल राहत सामग्री और उचित मुआवजा उपलब्ध कराया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि एक ही रात में तीन परिवारों का सब कुछ नष्ट हो गया है। उनके लिए सरकारी सहायता महत्वपूर्ण है। प्रशासन ने राहत और मुआवजे के लिए प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।
चंदौली पावर हाउस के पास भीषण अग्निकांड:शिवहर में 3 घर जलकर राख, लाखों की संपत्ति जली
शिवहर के बेलसंड विधानसभा क्षेत्र में चंदौली पावर हाउस के पास बीती रात भीषण अग्निकांड हुआ। इस घटना में तीन परिवारों के घर जलकर राख हो गए, जिससे लाखों की संपत्ति का नुकसान हुआ है। अग्निकांड में तीन घरों के साथ दो मोटरसाइकिल, साइकिल, बिजली के पंखे और अन्य आवश्यक घरेलू सामान पूरी तरह नष्ट हो गए। इससे प्रभावित परिवारों के सामने तत्काल आवास और जीवनयापन का संकट खड़ा हो गया है। स्थानीय निवासी रौशन कुमार ने बताया कि तेज हवाओं और आग की ऊंची लपटों के कारण लोगों को संभलने का मौका नहीं मिला। देखते ही देखते वर्षों की जमा-पूंजी राख में बदल गई। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया। ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, लेकिन तब तक तीनों परिवारों को भारी क्षति हो चुकी थी। अग्निकांड की जानकारी मिलने पर प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और नुकसान का जायजा लिया। आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रशासन द्वारा मामले की जांच और क्षति का आकलन किया जा रहा है। इस हादसे के बाद प्रभावित परिवारों के सामने रहने और भोजन की समस्या उत्पन्न हो गई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि पीड़ित परिवारों को तत्काल राहत सामग्री और उचित मुआवजा उपलब्ध कराया जाए। ग्रामीणों का कहना है कि एक ही रात में तीन परिवारों का सब कुछ नष्ट हो गया है। उनके लिए सरकारी सहायता महत्वपूर्ण है। प्रशासन ने राहत और मुआवजे के लिए प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।

