गयाजी के स्वराजपुरी रोड स्थित ढोलकिया गली की रहने वाली माही कुमारी ने सीबीएसई 12वीं कॉमर्स परीक्षा में 500 में 499 अंक हासिल की है। 99.8 प्रतिशत अंक के साथ माही देश के टॉप स्कोरर्स में शामिल हो गई है। माही कुमारी के पिता मनोज कुमार शहर में कपड़े की छोटी सी दुकान चलाते हैं। माही की इस उपलब्धि के बाद ढोलकिया गली में जश्न का माहौल है। घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा है। मिठाइयां बांटी जा रही हैं। पड़ोसी, रिश्तेदार और शहर के लोग इस बेटी की सफलता पर गर्व महसूस कर रहे हैं। माता-पिता की आंखों में खुशी के आंसू हैं। पिता मनोज कुमार कहते हैं कि बेटी ने उनकी वर्षों की मेहनत को सम्मान दे दिया है। सरस्वती विद्या मंदिर, केवी से शुरुआती पढ़ाई की माही ने अपनी शुरुआती पढ़ाई गया के सामान्य स्कूल से की। इसके बाद दया प्रकाश सरस्वती विद्या मंदिर और फिर केंद्रीय विद्यालय नंबर-1 से अपनी शिक्षा पूरी की। पढ़ाई के प्रति अनुशासन, नियमित मेहनत और परिवार का सहयोग उसकी सबसे बड़ी ताकत बना। माही कहती है कि उसने हमेशा लक्ष्य तय कर पढ़ाई की और सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखी। पिछले साल माही की बड़ी बहन ने भी पटना रीजन में किया था टॉप इस परिवार की ये दूसरी बड़ी उपलब्धि है। पिछले वर्ष माही की बड़ी बहन मोलिसा कुमारी ने भी सीबीएसई 12वीं कॉमर्स में 98.8 प्रतिशत अंक लाकर पटना रीजन में टॉप किया था। अब छोटी बहन माही ने उससे भी एक कदम आगे बढ़ते हुए देश स्तर पर अपनी पहचान बना ली है। गया की यह बेटी अब हजारों छात्रों के लिए मिसाल बन गई है। माही ने कहा- कभी कोचिंग की जरूरत ही नहीं पड़ी माही का कहना है कि मेरा कभी कोचिंग की ओर झुकाव नहीं रहा। इसकी जरूरत ही कभी नहीं पड़ी। सेल्फ स्टडी ही मेरे लिए सबकुछ था। स्कूल के प्रिंसिपल और फैकल्टी का बड़ा योगदान है। साथ ही मेरी बड़ी बहन ने हमेशा गाइड किया। जिसकी बदौलत यहां तक पहुंची हूं। माही का मानना है कि सभी के पेरेंट्स उतने ही खर्च व लगाव मेहनत करते हैं जितना मेरे फादर व मदर ने किया। उन दोनों का बड़ा योगदान है। बस अंतर इतना सा ही ईमानदारी से निरंतर पढ़ाई का जारी रखना है। इस सफलता के पीछे यही सब कुछ है।
CBSE 12वीं में गयाजी की माही को 99.8% मार्क्स:कॉमर्स स्टूडेंट को 500 में से मिले 499 अंक, बोली- कोचिंग की ओर कभी झुकाव नहीं रहा, जरूरत नहीं पड़ी
गयाजी के स्वराजपुरी रोड स्थित ढोलकिया गली की रहने वाली माही कुमारी ने सीबीएसई 12वीं कॉमर्स परीक्षा में 500 में 499 अंक हासिल की है। 99.8 प्रतिशत अंक के साथ माही देश के टॉप स्कोरर्स में शामिल हो गई है। माही कुमारी के पिता मनोज कुमार शहर में कपड़े की छोटी सी दुकान चलाते हैं। माही की इस उपलब्धि के बाद ढोलकिया गली में जश्न का माहौल है। घर पर बधाई देने वालों का तांता लगा है। मिठाइयां बांटी जा रही हैं। पड़ोसी, रिश्तेदार और शहर के लोग इस बेटी की सफलता पर गर्व महसूस कर रहे हैं। माता-पिता की आंखों में खुशी के आंसू हैं। पिता मनोज कुमार कहते हैं कि बेटी ने उनकी वर्षों की मेहनत को सम्मान दे दिया है। सरस्वती विद्या मंदिर, केवी से शुरुआती पढ़ाई की माही ने अपनी शुरुआती पढ़ाई गया के सामान्य स्कूल से की। इसके बाद दया प्रकाश सरस्वती विद्या मंदिर और फिर केंद्रीय विद्यालय नंबर-1 से अपनी शिक्षा पूरी की। पढ़ाई के प्रति अनुशासन, नियमित मेहनत और परिवार का सहयोग उसकी सबसे बड़ी ताकत बना। माही कहती है कि उसने हमेशा लक्ष्य तय कर पढ़ाई की और सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखी। पिछले साल माही की बड़ी बहन ने भी पटना रीजन में किया था टॉप इस परिवार की ये दूसरी बड़ी उपलब्धि है। पिछले वर्ष माही की बड़ी बहन मोलिसा कुमारी ने भी सीबीएसई 12वीं कॉमर्स में 98.8 प्रतिशत अंक लाकर पटना रीजन में टॉप किया था। अब छोटी बहन माही ने उससे भी एक कदम आगे बढ़ते हुए देश स्तर पर अपनी पहचान बना ली है। गया की यह बेटी अब हजारों छात्रों के लिए मिसाल बन गई है। माही ने कहा- कभी कोचिंग की जरूरत ही नहीं पड़ी माही का कहना है कि मेरा कभी कोचिंग की ओर झुकाव नहीं रहा। इसकी जरूरत ही कभी नहीं पड़ी। सेल्फ स्टडी ही मेरे लिए सबकुछ था। स्कूल के प्रिंसिपल और फैकल्टी का बड़ा योगदान है। साथ ही मेरी बड़ी बहन ने हमेशा गाइड किया। जिसकी बदौलत यहां तक पहुंची हूं। माही का मानना है कि सभी के पेरेंट्स उतने ही खर्च व लगाव मेहनत करते हैं जितना मेरे फादर व मदर ने किया। उन दोनों का बड़ा योगदान है। बस अंतर इतना सा ही ईमानदारी से निरंतर पढ़ाई का जारी रखना है। इस सफलता के पीछे यही सब कुछ है।
