![]()
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रणवीर सिंह ने कटिहार रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या-3 स्थित रेलवे न्यायालय का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने न्यायिक व्यवस्था और आधारभूत सुविधाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान, न्यायाधीश सिंह ने रेलवे कोर्ट के हाजत (लॉकअप) का दौरा किया। उन्होंने सुरक्षा और साफ-सफाई व्यवस्था का बारीकी से मुआयना किया और संबंधित अधिकारियों को नियमित स्वच्छता बनाए रखने तथा आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इसके बाद, प्रधान जिला जज ने रेलवे न्यायालय भवन में चल रहे जीर्णोद्धार कार्य का निरीक्षण किया। उन्होंने कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए रेलवे मजिस्ट्रेट गौरव को निर्देश दिया कि रेलवे प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर सभी निर्माण और मरम्मत कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरे किए जाएं। इसका उद्देश्य न्यायालय के दैनिक कार्यों को नियमित और सुचारू रूप से संचालित करना है। आम लोगों को मिलने वाली सुविधाओं की भी जानकारी ली
निरीक्षण के दौरान, प्रधान जिला जज ने न्यायालय परिसर की वर्तमान व्यवस्था, न्यायिक कार्यों के संचालन और आम लोगों को मिलने वाली सुविधाओं की भी जानकारी ली। उन्होंने जोर दिया कि न्यायालय परिसर में बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावी और सुगम बनाने के लिए आवश्यक है। इस अवसर पर प्रधान जिला जज रणवीर सिंह के साथ डीएलएसए सचिव सह एसीजेएम कमलेश सिंह देबू, रेलवे मजिस्ट्रेट गौरव और न्यायालय तथा रेलवे प्रशासन के अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे। उल्लेखनीय है कि कटिहार का रेलवे न्यायालय वर्षों पुराने भवन में संचालित हो रहा था, जिसकी स्थिति काफी जर्जर हो गई थी। पूर्व में पटना उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति द्वारा भी न्यायालय के जीर्णोद्धार और नए रेलवे कोर्ट के निर्माण के संबंध में रेल प्रशासन को निर्देश दिए गए थे। ज्ञात है कि रेलवे न्यायालय परिसर अत्यधिक संकुचित होने के कारण नियमित न्यायिक कार्यों तथा मजिस्ट्रेट चेकिंग के दौरान भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। वही जीर्णोद्धार कार्य के पूरा होने के बाद न्यायालय की कार्यप्रणाली अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित एवं सुविधाजनक हो जाएगी।

