नौ वर्षीय बच्ची से सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले में पोक्सो के विशेष न्यायाधीश देवेश कुमार त्रिपाठी की अदालत ने सोमवार को बच्ची की मां, उसके कथित प्रेमी बाबू दास मुर्मू और सहयोगी शिव नारायण बेसरा को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अदालत ने तीनों दोषियों पर 20-20 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। घटना चार अप्रैल 2024 की रात पेटरवार थाना क्षेत्र के आमटांड़ गांव में एक शादी समारोह के दौरान हुई थी। बच्ची अपने माता-पिता के साथ रिश्तेदार के घर समारोह में शामिल होने पहुंची थी। घर लौटने की तैयारी के दौरान बच्ची अचानक लापता हो गई। परिजनों ने काफी खोजबीन की, लेकिन उसका पता नहीं चला। पांच अप्रैल की सुबह गांव की एक झाड़ी में बच्ची का शव मिला। बच्ची के पिता के बयान पर पेटरवार थाने में अज्ञात आरोपितों के खिलाफ पोक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। पुलिस ने जांच शुरू की। डीएनए रिपोर्ट सामने आने के बाद शिव नारायण बेसरा को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के अनुसार, बच्ची की मां को उसके कथित प्रेम संबंध की जानकारी बच्ची द्वारा पिता को दिए जाने का डर था।

