गयाजी में वजीरगंज के विधायक वीरेंद्र सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इसमें वे सार्वजनिक मंच से एक परियोजना इंजीनियर के प्रति अभद्र भाषा का प्रयोग करते सुनाई दे रहे हैं। यह घटना 24 मई को गया के वजीरगंज प्रखंड के बैरिया गांव में हुई थी। बैरिया गांव में तैलिक साहू समाज ने विधायक के सम्मान में एक कार्यक्रम आयोजित किया था। इस दौरान क्षेत्र की समस्याओं पर चर्चा हुई, जिनमें नाली निर्माण और राजगीर-बोधगया मार्ग पर रसलपुर गुमटी के पास बन रहे ओवरब्रिज परियोजना में हो रही देरी मुख्य मुद्दा था। ग्रामीणों ने विकास काम की धीमी गति पर नाराजगी जताई। इस वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी शशि शेखर ने कहा है कि सिर्फ हिन्दू-मुस्लिम करने वाले लोगों की मानसिक स्थिति ठीक नहीं होती है। मंच से विधायक ने दी गाली विधायक वीरेंद्र सिंह ने मंच से बताया कि उन्होंने संबंधित परियोजना इंजीनियर को रविवार को बुलाया था। हालांकि, अधिकारी ने अवकाश का हवाला देते हुए आने से इनकार कर दिया और ग्रामीणों से लिखित आवेदन देने को कहा। इसी बात पर नाराजगी जताते हुए विधायक ने मंच से अधिकारी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया। विधायक वीरेंद्र सिंह ने अपने बयान में कहा कि विकास काम में देरी पर सवाल उठाना पूरी तरह उचित है, लेकिन जवाबदेही तय कराने का तरीका शालीन और संस्थागत होना चाहिए। इस घटना के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक बहस छिड़ गई है कि क्या जनप्रतिनिधियों द्वारा सार्वजनिक मंचों से अधिकारियों को अपमानित करना उचित है। ज्ञान और मोक्ष की धरती माने जाने वाले इस क्षेत्र में, जहां भगवान बुद्ध के विचार शांति, संवाद और संयम का संदेश देते हैं, वहां सार्वजनिक मंच से इस प्रकार की भाषा का प्रयोग कई लोगों को असहज कर रहा है। सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच मतभेद हो सकते हैं, लेकिन सार्वजनिक जीवन में भाषा की मर्यादा बनाए रखना लोकतंत्र की बुनियादी आवश्यकता है। कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी बोले- मानसिक स्थिति ठीक नहीं वायरल हो रहे वीडियो पर वजीरगंज विधानसभा के कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी शशि शेखर ने टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि जो लोग बिना परिश्रम और ‘राम-राम’ व ‘हिंदू-मुस्लिम’ के नाम पर चुनाव जीत जाते हैं, उनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं होती। दुर्भाग्य की ऐसे विधायक पर जो पैसे के दम पर चुनाव जीत जाते हैं, और जब जनता के बीच में जाते हैं तो मानसिक स्थिति बिगड़ने के साथ-साथ आपा भी खो देते हैं. अगर मेहनत किए होते और चुनाव जीते होते तो इस तरह की बातें नहीं करते.
गयाजी में BJP विधायक ने अधिकारी को गाली दी:सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल; कांग्रेस नेता बोले- मानसिक स्थिति ठीक नहीं
गयाजी में वजीरगंज के विधायक वीरेंद्र सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इसमें वे सार्वजनिक मंच से एक परियोजना इंजीनियर के प्रति अभद्र भाषा का प्रयोग करते सुनाई दे रहे हैं। यह घटना 24 मई को गया के वजीरगंज प्रखंड के बैरिया गांव में हुई थी। बैरिया गांव में तैलिक साहू समाज ने विधायक के सम्मान में एक कार्यक्रम आयोजित किया था। इस दौरान क्षेत्र की समस्याओं पर चर्चा हुई, जिनमें नाली निर्माण और राजगीर-बोधगया मार्ग पर रसलपुर गुमटी के पास बन रहे ओवरब्रिज परियोजना में हो रही देरी मुख्य मुद्दा था। ग्रामीणों ने विकास काम की धीमी गति पर नाराजगी जताई। इस वीडियो पर प्रतिक्रिया देते हुए कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी शशि शेखर ने कहा है कि सिर्फ हिन्दू-मुस्लिम करने वाले लोगों की मानसिक स्थिति ठीक नहीं होती है। मंच से विधायक ने दी गाली विधायक वीरेंद्र सिंह ने मंच से बताया कि उन्होंने संबंधित परियोजना इंजीनियर को रविवार को बुलाया था। हालांकि, अधिकारी ने अवकाश का हवाला देते हुए आने से इनकार कर दिया और ग्रामीणों से लिखित आवेदन देने को कहा। इसी बात पर नाराजगी जताते हुए विधायक ने मंच से अधिकारी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया। विधायक वीरेंद्र सिंह ने अपने बयान में कहा कि विकास काम में देरी पर सवाल उठाना पूरी तरह उचित है, लेकिन जवाबदेही तय कराने का तरीका शालीन और संस्थागत होना चाहिए। इस घटना के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और सामाजिक बहस छिड़ गई है कि क्या जनप्रतिनिधियों द्वारा सार्वजनिक मंचों से अधिकारियों को अपमानित करना उचित है। ज्ञान और मोक्ष की धरती माने जाने वाले इस क्षेत्र में, जहां भगवान बुद्ध के विचार शांति, संवाद और संयम का संदेश देते हैं, वहां सार्वजनिक मंच से इस प्रकार की भाषा का प्रयोग कई लोगों को असहज कर रहा है। सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच मतभेद हो सकते हैं, लेकिन सार्वजनिक जीवन में भाषा की मर्यादा बनाए रखना लोकतंत्र की बुनियादी आवश्यकता है। कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी बोले- मानसिक स्थिति ठीक नहीं वायरल हो रहे वीडियो पर वजीरगंज विधानसभा के कांग्रेस के पूर्व प्रत्याशी शशि शेखर ने टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि जो लोग बिना परिश्रम और ‘राम-राम’ व ‘हिंदू-मुस्लिम’ के नाम पर चुनाव जीत जाते हैं, उनकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं होती। दुर्भाग्य की ऐसे विधायक पर जो पैसे के दम पर चुनाव जीत जाते हैं, और जब जनता के बीच में जाते हैं तो मानसिक स्थिति बिगड़ने के साथ-साथ आपा भी खो देते हैं. अगर मेहनत किए होते और चुनाव जीते होते तो इस तरह की बातें नहीं करते.
