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चतरा और पश्चिमी सिंहभूम जिले में हाथियों के झुंड की मौजूदगी से ग्रामीणों की परेशानी बढ़ गई है। चतरा के टंडवा प्रखंड स्थित लरंगा सामिडीह टोले में हाथियों का झुंड पहुंचने के बाद ग्रामीणों ने पूरी रात जागकर बिताई। उन्हें घरों, बच्चों और खेतों में लगी फसलों की सुरक्षा की चिंता है। वहीं, पश्चिमी सिंहभूम के नोवामुंडी प्रखंड स्थित लेपांग गांव के पास हाथियों का झुंड तीन दिन से मौजूद है। यहां हाथी रात में खेतों में पहुंचकर फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। ग्रामीण टॉर्च लेकर रातभर पहरेदारी कर रहे हैं। लरंगा सामिडीह में ग्रामीणों ने वन विभाग को सूचना देने के बावजूद रातभर अधिकारियों के नहीं पहुंचने पर नाराजगी जताई है। दूसरी ओर, लेपांग में वन विभाग की टीम मशाल और पटाखों की मदद से हाथियों को आबादी वाले क्षेत्रों से दूर करने का प्रयास कर रही है। रातभर जागते रहे ग्रामीण, वन विभाग पर उठाए सवाल चतरा जिले के टंडवा प्रखंड की रहम पंचायत के लरंगा सामिडीह टोले में हाथियों के पहुंचने से ग्रामीण सतर्क हैं। लोगों को आशंका है कि हाथी घरों पर हमला कर सकते हैं या धान, गोभी और टमाटर की फसलें नष्ट कर सकते हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद रातभर वन विभाग का कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। सुबह मीडिया के माध्यम से मामला सामने आने के बाद टंडवा के रेंजर राम बाबू ने कहा कि उन्हें हाथियों के आने की आधिकारिक सूचना नहीं मिली थी। उन्होंने जानकारी मिलने के बाद टीम भेजकर स्थिति का जायजा लेने और हाथियों को भगाने का प्रयास करने की बात कही। लेपांग में रात में खेतों में पहुंच रहे हाथी पश्चिमी सिंहभूम के नोवामुंडी प्रखंड के लेपांग गांव के पास हाथियों का झुंड तीन दिन से मौजूद है। हाथी रात में खेतों में पहुंचकर फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान की चिंता है। हाथियों की आवाजाही पर नजर रखने के लिए ग्रामीण टॉर्च लेकर रातभर पहरा दे रहे हैं। लगातार जागने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। ग्रामीणों के अनुसार, झुंड में करीब 45 हाथी होने की चर्चा है, जबकि मौके पर इनकी संख्या लगभग 30 बताई जा रही है। हालांकि, हाथियों की वास्तविक संख्या की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। झुंड में छोटे हाथी भी शामिल बताए जा रहे हैं।
चतरा और पश्चिमी सिंहभूम में हाथियों का आतंक:ग्रामीण रातभर कर रहे पहरेदारी, तीन दिन से डटा झुंड, फसलों को पहुंचा रहा नुकसान
