किशनगंज पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने किशनगंज थाना में पदस्थापित सिपाही निभाकर चौधरी (सि0/73) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उन पर ड्यूटी के दौरान ठेलेदारों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करने और अनुशासनहीन व्यवहार करने का आरोप है। यह कार्रवाई सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो के आधार पर की गई है। जानकारी के अनुसार, 9 जून 2026 का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस वीडियो में किशनगंज के गांधी चौक पर एक पुलिसकर्मी वाहनों और ठेलों को हटाते हुए दिखाई दे रहा था। वीडियो में यह भी दावा किया गया था कि संबंधित पुलिसकर्मी कथित तौर पर शराब के नशे में था। SP ने तुरंत जांच का आदेश दिया मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने तत्काल जांच का आदेश दिया। जांच की जिम्मेदारी पुलिस उपाधीक्षक (यातायात) को सौंपी गई। जांच के दौरान वायरल वीडियो में दिख रहे पुलिसकर्मी की पहचान सिपाही निभाकर चौधरी के रूप में हुई। जांच टीम ने गांधी चौक पर स्थानीय लोगों और ठेलेदारों से पूछताछ की। पूछताछ में लोगों ने बताया कि घटना के दिन सिपाही निभाकर चौधरी ने कथित रूप से शराब के प्रभाव में वाहनों और ठेलों को हटाने का प्रयास किया और ठेलेदारों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया जांच प्रतिवेदन में सिपाही का आचरण प्रथम दृष्टया घोर लापरवाही, मनमानेपन, स्वेच्छाचारिता, अनुशासनहीनता और उदंडतापूर्ण पाया गया। इसके आधार पर पुलिस अधीक्षक ने उन्हें तत्काल प्रभाव से सामान्य जीवन-यापन भत्ता पर निलंबित कर दिया है। साथ ही, उन्हें सात दिनों के भीतर विभागीय जांच के संदर्भ में अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने स्पष्ट किया है कि जिले के सभी पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों को आमजन के साथ शालीन एवं सम्मानजनक व्यवहार करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता के साथ दुर्व्यवहार या अनुशासनहीनता करने वाले किसी भी पुलिसकर्मी के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
ठेले वालों से गलत बर्ताव पर किशनगंज सिपाही सस्पेंड:SP संतोष कुमार ने वायरल वीडियो के आधार पर किया एक्शन
किशनगंज पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने किशनगंज थाना में पदस्थापित सिपाही निभाकर चौधरी (सि0/73) को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उन पर ड्यूटी के दौरान ठेलेदारों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करने और अनुशासनहीन व्यवहार करने का आरोप है। यह कार्रवाई सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो के आधार पर की गई है। जानकारी के अनुसार, 9 जून 2026 का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। इस वीडियो में किशनगंज के गांधी चौक पर एक पुलिसकर्मी वाहनों और ठेलों को हटाते हुए दिखाई दे रहा था। वीडियो में यह भी दावा किया गया था कि संबंधित पुलिसकर्मी कथित तौर पर शराब के नशे में था। SP ने तुरंत जांच का आदेश दिया मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने तत्काल जांच का आदेश दिया। जांच की जिम्मेदारी पुलिस उपाधीक्षक (यातायात) को सौंपी गई। जांच के दौरान वायरल वीडियो में दिख रहे पुलिसकर्मी की पहचान सिपाही निभाकर चौधरी के रूप में हुई। जांच टीम ने गांधी चौक पर स्थानीय लोगों और ठेलेदारों से पूछताछ की। पूछताछ में लोगों ने बताया कि घटना के दिन सिपाही निभाकर चौधरी ने कथित रूप से शराब के प्रभाव में वाहनों और ठेलों को हटाने का प्रयास किया और ठेलेदारों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया जांच प्रतिवेदन में सिपाही का आचरण प्रथम दृष्टया घोर लापरवाही, मनमानेपन, स्वेच्छाचारिता, अनुशासनहीनता और उदंडतापूर्ण पाया गया। इसके आधार पर पुलिस अधीक्षक ने उन्हें तत्काल प्रभाव से सामान्य जीवन-यापन भत्ता पर निलंबित कर दिया है। साथ ही, उन्हें सात दिनों के भीतर विभागीय जांच के संदर्भ में अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने स्पष्ट किया है कि जिले के सभी पुलिस पदाधिकारियों और कर्मियों को आमजन के साथ शालीन एवं सम्मानजनक व्यवहार करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि जनता के साथ दुर्व्यवहार या अनुशासनहीनता करने वाले किसी भी पुलिसकर्मी के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।


