बिहार की राजनीति में इन दिनों सत्ता के वास्तविक केंद्र को लेकर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच, भारतीय जनता पार्टी के दो दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान में भाग लेने बक्सर पहुंचे बिहार सरकार के खान एवं भूतत्व मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी का एक बयान राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा का विषय बन गया है। मंत्री ने दावा किया कि बिहार सरकार का नेतृत्व मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी कर रहे हैं और वही सरकार चला रहे हैं। हालांकि, जब उनसे इसी दावे को लेकर आगे सवाल पूछा गया तो वह असहज नजर आए और बिना स्पष्ट जवाब दिए वहां से निकल गए। नीतीश कुमार ने प्रशासनिक गतिविधियों की समीक्षा की दरअसल, हाल के दिनों में बिहार की राजनीति में उस समय हलचल तेज हो गई जब पूर्व मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार ने बिहार सरकार के कामकाज की विस्तृत रिपोर्ट तलब की। जानकारी के अनुसार, नीतीश कुमार अचानक पटना में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी के आवास पहुंचे और राज्य में चल रही विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों तथा प्रशासनिक गतिविधियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सरकार और कैबिनेट के कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश भी दिया। ”बिहार सरकार पूरी मजबूती के साथ काम कर रही” नीतीश कुमार की इस सक्रियता के बाद राजनीतिक हलकों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। विपक्ष ने सवाल उठाना शुरू कर दिया कि यदि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सरकार चला रहे हैं, तो फिर सरकार के कामकाज की समीक्षा और रिपोर्ट मांगने की आवश्यकता क्यों पड़ रही है। इसी मुद्दे को लेकर बक्सर में पत्रकारों ने मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी से सवाल किया। जिला अतिथिगृह में पत्रकारों से बातचीत के दौरान मंत्री ने कहा कि बिहार सरकार पूरी मजबूती के साथ काम कर रही है और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में विकास कार्यों को गति मिल रही है। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय का परिणाम है कि बिहार विकास की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है। मंत्री ने यह भी जोड़ा कि कुछ लोग राजनीतिक लाभ के लिए भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि वास्तविकता यह है कि सरकार पूरी तरह स्थिर और सक्रिय है। सरकार मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ही चला रहे – मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी हालांकि माहौल उस समय दिलचस्प हो गया जब एक पत्रकार ने सीधा सवाल दाग दिया कि क्या मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी वास्तव में सरकार के मुखिया हैं या फिर केवल “मैनेजर” की भूमिका निभा रहे हैं। इस पर मंत्री ने कहा कि यह लोगों की अपनी सोच हो सकती है, लेकिन सरकार मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ही चला रहे हैं। इसके बाद पत्रकारों ने अगला सवाल पूछा कि यदि सरकार का संचालन सम्राट चौधरी कर रहे हैं, तो फिर नीतीश कुमार द्वारा सरकार के कामकाज की रिपोर्ट क्यों मांगी गई। इस सवाल पर मंत्री कुछ पल के लिए असहज दिखाई दिए। उन्होंने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और कैमरों के सामने से आगे बढ़ गए। मंत्री की इस प्रतिक्रिया ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दे दी है। अब सवाल यह उठ रहा है कि बिहार में सत्ता संचालन को लेकर जो चर्चाएं चल रही हैं, उनमें कितना दम है और सरकार के भीतर निर्णय लेने का वास्तविक केंद्र कौन है। फिलहाल मंत्री का बयान और उसके बाद की चुप्पी बिहार की राजनीति में नई बहस का कारण बन गई है।
'मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ही चला रहे हैं सरकार':बक्सर पहुंचे मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी बोले- 'बिहार सरकार पूरी मजबूती के साथ कर रही काम'
बिहार की राजनीति में इन दिनों सत्ता के वास्तविक केंद्र को लेकर सवाल उठ रहे हैं। इसी बीच, भारतीय जनता पार्टी के दो दिवसीय पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान में भाग लेने बक्सर पहुंचे बिहार सरकार के खान एवं भूतत्व मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी का एक बयान राजनीतिक गलियारों में नई चर्चा का विषय बन गया है। मंत्री ने दावा किया कि बिहार सरकार का नेतृत्व मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी कर रहे हैं और वही सरकार चला रहे हैं। हालांकि, जब उनसे इसी दावे को लेकर आगे सवाल पूछा गया तो वह असहज नजर आए और बिना स्पष्ट जवाब दिए वहां से निकल गए। नीतीश कुमार ने प्रशासनिक गतिविधियों की समीक्षा की दरअसल, हाल के दिनों में बिहार की राजनीति में उस समय हलचल तेज हो गई जब पूर्व मुख्यमंत्री और जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार ने बिहार सरकार के कामकाज की विस्तृत रिपोर्ट तलब की। जानकारी के अनुसार, नीतीश कुमार अचानक पटना में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी के आवास पहुंचे और राज्य में चल रही विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों तथा प्रशासनिक गतिविधियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सरकार और कैबिनेट के कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश भी दिया। ”बिहार सरकार पूरी मजबूती के साथ काम कर रही” नीतीश कुमार की इस सक्रियता के बाद राजनीतिक हलकों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। विपक्ष ने सवाल उठाना शुरू कर दिया कि यदि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सरकार चला रहे हैं, तो फिर सरकार के कामकाज की समीक्षा और रिपोर्ट मांगने की आवश्यकता क्यों पड़ रही है। इसी मुद्दे को लेकर बक्सर में पत्रकारों ने मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी से सवाल किया। जिला अतिथिगृह में पत्रकारों से बातचीत के दौरान मंत्री ने कहा कि बिहार सरकार पूरी मजबूती के साथ काम कर रही है और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में विकास कार्यों को गति मिल रही है। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय का परिणाम है कि बिहार विकास की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है। मंत्री ने यह भी जोड़ा कि कुछ लोग राजनीतिक लाभ के लिए भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं, जबकि वास्तविकता यह है कि सरकार पूरी तरह स्थिर और सक्रिय है। सरकार मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ही चला रहे – मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी हालांकि माहौल उस समय दिलचस्प हो गया जब एक पत्रकार ने सीधा सवाल दाग दिया कि क्या मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी वास्तव में सरकार के मुखिया हैं या फिर केवल “मैनेजर” की भूमिका निभा रहे हैं। इस पर मंत्री ने कहा कि यह लोगों की अपनी सोच हो सकती है, लेकिन सरकार मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ही चला रहे हैं। इसके बाद पत्रकारों ने अगला सवाल पूछा कि यदि सरकार का संचालन सम्राट चौधरी कर रहे हैं, तो फिर नीतीश कुमार द्वारा सरकार के कामकाज की रिपोर्ट क्यों मांगी गई। इस सवाल पर मंत्री कुछ पल के लिए असहज दिखाई दिए। उन्होंने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया और कैमरों के सामने से आगे बढ़ गए। मंत्री की इस प्रतिक्रिया ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दे दी है। अब सवाल यह उठ रहा है कि बिहार में सत्ता संचालन को लेकर जो चर्चाएं चल रही हैं, उनमें कितना दम है और सरकार के भीतर निर्णय लेने का वास्तविक केंद्र कौन है। फिलहाल मंत्री का बयान और उसके बाद की चुप्पी बिहार की राजनीति में नई बहस का कारण बन गई है।

