रिशु श्री मामले को लेकर बिहार की राजनीति फिलहाल गर्म है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर लगाए गए आरोपों के बाद भाजपा ने तेजस्वी यादव पर सवाल खड़ा किया है। भाजपा प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि तेजस्वी यादव पहले यह बताएं कि रिशु श्री मामले में उन्होंने कितना कमीशन लिया, क्योंकि इस मामले से जुड़े कथित घोटाले उस समय के हैं, जब संबंधित विभाग के मंत्री स्वयं तेजस्वी यादव थे। ‘अपने दामन में झांकें तेजस्वी’ नीरज कुमार ने कहा कि किसी पर आरोप लगाने से पहले तेजस्वी यादव को अपने दामन में झांकना चाहिए। उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव का पूरा परिवार साक्ष्यों के आधार पर अदालत में चार्जशीटेड है और विभिन्न मामलों में मुकदमे का सामना कर रहा है। ऐसे में दूसरों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाने से पहले उन्हें अपनी स्थिति भी देखनी चाहिए। ‘बिना सबूत आरोप लगाना बंद करें’ भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि यदि तेजस्वी यादव के पास सरकार या किसी अधिकारी के खिलाफ कोई ठोस सबूत है तो उसे सार्वजनिक करें। तेजस्वी ने सरकार से पूछे कई सवाल बता दें कि इससे पहले नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने रिशु श्री मामले को लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और राज्य सरकार पर कई गंभीर सवाल उठाए है। उन्होंने कहा, यह मामला कई दिनों से चल रहा है और इसमें बड़े अधिकारियों से लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) तक की भूमिका की चर्चा हो रही है। तेजस्वी ने सवाल किया था कि जिन दो आईएएस अधिकारियों को पहले निलंबित किया गया था, उनके नाम चार्जशीट से क्यों हटा दिए गए। 1 रुपये में 99 साल की लीज पर जमीन देने का भी उठाया मुद्दा तेजस्वी यादव ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक रुपये में 99 वर्षों की लीज पर जमीन देने का फैसला किया। उन्होंने पूछा कि क्या यह फैसला उचित है। बिहार में कुछ अधिकारी सिंडिकेट की तरह काम कर रहे हैं और रिशु श्री मामला उसी की एक झलक है। तेजस्वी ने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को लगातार उठाता रहेगा।
रिशु श्री मामले में भाजपा ने तेजस्वी को घेरा:कहा- घोटाले के समय मंत्री थे आप, पहले बताएं आपने कितनी कमीशन ली?
रिशु श्री मामले को लेकर बिहार की राजनीति फिलहाल गर्म है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर लगाए गए आरोपों के बाद भाजपा ने तेजस्वी यादव पर सवाल खड़ा किया है। भाजपा प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि तेजस्वी यादव पहले यह बताएं कि रिशु श्री मामले में उन्होंने कितना कमीशन लिया, क्योंकि इस मामले से जुड़े कथित घोटाले उस समय के हैं, जब संबंधित विभाग के मंत्री स्वयं तेजस्वी यादव थे। ‘अपने दामन में झांकें तेजस्वी’ नीरज कुमार ने कहा कि किसी पर आरोप लगाने से पहले तेजस्वी यादव को अपने दामन में झांकना चाहिए। उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव का पूरा परिवार साक्ष्यों के आधार पर अदालत में चार्जशीटेड है और विभिन्न मामलों में मुकदमे का सामना कर रहा है। ऐसे में दूसरों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाने से पहले उन्हें अपनी स्थिति भी देखनी चाहिए। ‘बिना सबूत आरोप लगाना बंद करें’ भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि यदि तेजस्वी यादव के पास सरकार या किसी अधिकारी के खिलाफ कोई ठोस सबूत है तो उसे सार्वजनिक करें। तेजस्वी ने सरकार से पूछे कई सवाल बता दें कि इससे पहले नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने रिशु श्री मामले को लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और राज्य सरकार पर कई गंभीर सवाल उठाए है। उन्होंने कहा, यह मामला कई दिनों से चल रहा है और इसमें बड़े अधिकारियों से लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) तक की भूमिका की चर्चा हो रही है। तेजस्वी ने सवाल किया था कि जिन दो आईएएस अधिकारियों को पहले निलंबित किया गया था, उनके नाम चार्जशीट से क्यों हटा दिए गए। 1 रुपये में 99 साल की लीज पर जमीन देने का भी उठाया मुद्दा तेजस्वी यादव ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक रुपये में 99 वर्षों की लीज पर जमीन देने का फैसला किया। उन्होंने पूछा कि क्या यह फैसला उचित है। बिहार में कुछ अधिकारी सिंडिकेट की तरह काम कर रहे हैं और रिशु श्री मामला उसी की एक झलक है। तेजस्वी ने कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को लगातार उठाता रहेगा।

