दोनों छात्रों ने परिणाम पर असंतोष जता पुनर्मूल्यांकन कराया
सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद अंकों ने झारखंड के जिन दो मेधावी विद्यार्थियों को निराश किया था, उन्हीं उत्तरपुस्तिकाओं की दोबारा जांच ने उन्हें देश के शीर्ष विद्यार्थियों की सूची में पहुंचा दिया। दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) रांची की छात्रा अवनी केजरीवाल को री-चेकिंग में 28 अतिरिक्त अंक मिले। इसके बाद उन्होंने 500 में 500 अंक हासिल कर कॉमर्स स्ट्रीम में नेशनल टॉपर का स्थान प्राप्त किया। वहीं, डीपीएस बोकारो के छात्र आदित्य मिश्रा के बायोलॉजी में तीन अंक बढ़े, जिससे उनका कुल स्कोर 99.60 प्रतिशत हो गया और वे साइंस स्ट्रीम के संयुक्त नेशनल टॉपर की सूची में शामिल हो गए। खास बात यह रही कि दोनों छात्रों को अपने प्रदर्शन पर पूरा भरोसा था। इसी वजह से उन्होंने बोर्ड के निर्धारित प्रावधानों का उपयोग करते हुए पुनर्मूल्यांकन कराया और अंततः परिणाम उनके पक्ष में आया। खुद पर था पूरा भरोसा… मिली सफलता
अवनी के तीन पेपर में बढ़े अंक, मिले 500 में 500- डीपीएस रांची की छात्रा अवनी केजरीवाल ने पुनर्मूल्यांकन के बाद 500 में 500 अंक हासिल किया। प्रारंभिक परिणाम में उन्हें इंग्लिश कोर में 61 अंक मिले थे, जो पुनर्मूल्यांकन के बाद बढ़कर 80 हो गए। बिजनेस स्टडीज में अंक 75 से बढ़कर 80 हुए, जबकि वैकल्पिक विषय की थ्योरी में 25 से बढ़कर 29 अंक मिले। कुल 28 अंकों की वृद्धि ने उन्हें शत-प्रतिशत अंक दिला दिए। प्रिंसिपल डॉ. जया चौहान ने कहा कि अवनी की यह उपलब्धि अन्य छात्रों को भी प्रेरित करेगी। बिजनेस मैनेजमेंट करूंगी: अवनी
अवनी ने कहा कि इंग्लिश में कम अंक देखकर आश्चर्य हुआ। उत्तरपुस्तिका देखने के बाद उन्हें विश्वास हो गया था कि कई प्रश्नों में कम अंक दिए गए हैं। उन्हें अंक बढ़ने की उम्मीद थी, पर नेशनल टॉपर बनने की कल्पना नहीं की थी। मैं बिजनेस मैनेजमेंट के क्षेत्र में करियर बनाना चाहती हैं। आदित्य के बायोलॉजी में अंक 96 से बढ़कर 99 हुए
डीपीएस बोकारो के छात्र आदित्य मिश्रा ने भी बायोलॉजी में मिले अंकों से असंतुष्ट होकर री-इवैल्युएशन के लिए आवेदन किया था। जांच के बाद उनके अंक 96 से बढ़कर 99 हो गए। इससे उनका कुल प्रतिशत 99.20 से बढ़कर 99.60 हो गया और वे टॉपर्स की सूची में शामिल हो गए। अब वे कानपुर की छात्रा सोनाक्षी गोयल के साथ साइंस स्ट्रीम के संयुक्त नेशनल टॉपर हैं। आदित्य ने इंग्लिश कोर, केमिस्ट्री और पेंटिंग में 100-100 अंक हासिल किए हैं, जबकि फिजिक्स में 99 अंक प्राप्त हुए हैं। डॉक्टर बनना चाहता हूं: आदित्य
आदित्य ने कहा कि उनका लक्ष्य डॉक्टर बनकर मानवता की सेवा करना है। उनका मानना है कि यदि किसी छात्र को अपने प्रदर्शन पर भरोसा है, तो उसे उपलब्ध विकल्पों का उपयोग करने से हिचकना नहीं चाहिए। सही प्रयास और आत्मविश्वास से बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकते हैं।

