सिटी रिपोर्टर | बोकारो सेल के बोकारो इस्पात संयंत्र स्थित वाटर ट्रीटमेंट प्लांट के ठेका मजदूर गुरुवार को सुबह 6 बजे से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। मजदूरों का आरोप है कि कट मनी लौटाने से इंकार करने पर प्रबंधन के पहल पर उन्हें काम से हटाया जा रहा है या हटाने की धमकी दी जा रही है। प्रदर्शनकारी मजदूरों का कहना है कि वे सभी विस्थापित परिवारों से हैं और पिछले 20 वर्षों से प्लांट में कार्यरत हैं। क्रांतिकारी इस्पात मजदूर संघ (हिन्द मजदूर सभा) के महामंत्री एवं एनजेसीएस सदस्य राजेंद्र सिंह ने कहा कि वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में कट मनी और अराजकता का माहौल है तथा अधिकारी-ठेकेदार की मिलीभगत से मजदूरों का आर्थिक शोषण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 16 जुलाई को 17 मजदूरों और 10 सितंबर को छह अन्य मजदूरों को काम से हटा दिया गया। आठ सितंबर को सहायक श्रमायुक्त (केंद्रीय) धनबाद ने सुनवाई के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच की तथा अगली सुनवाई 23 सितंबर को निर्धारित की है। उन्होंने आरोप लगाया कि मामला लंबित रहने के बावजूद कार्रवाई जारी है। मजदूरों ने शीर्ष प्रबंधन से हस्तक्षेप कर समस्या का समाधान करने की मांग की है और चेतावनी दी है कि न्याय नहीं मिलने पर अन्य प्लांटों के मजदूर भी आंदोलन में शामिल हो सकते हैं। मौके मंटू महतो, अशोक महतो, अजय कुमार, संजय कुमार, संतोष महतो, रंजीत कुमार, मनोज कुमार, पप्पू महतो, दिलीप कुमार, राजेश महतो, बबलू कुमार आदि शामिल थे।
