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4 साल में 129 प्रतिशत बढ़ी संपत्ति, 1.11 करोड़ का हिसाब नहीं दे पाए CWC मैनेजर


हजारीबाग के सेंट्रल वेयरहाउसिंग कॉरपोरेशन (सीडब्ल्यूसी) के मैनेजर रवि रंजन कुमार की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। एक लाख रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार होने के बाद अब सीबीआई की रांची स्थित भ्रष्टाचार निरोधक शाखा ने उनके और उनकी पत्नी प्रीति कुमारी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का एक नया मामला दर्ज किया है। सीबीआई की प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि मैनेजर रवि रंजन कुमार ने महज चार साल की सेवा अवधि (1 अप्रैल 2022 से 24 अप्रैल 2026) के दौरान अपनी और अपनी पत्नी के नाम पर आय के सभी ज्ञात स्रोतों से 1 करोड़ 11 लाख 35 हजार 204 रुपए (129.12 प्रतिशत) अधिक की चल-अचल संपत्ति अर्जित की है। आरोपी मैनेजर इस अकूत संपत्ति का सीबीआई अधिकारियों के सामने कोई संतोषजनक हिसाब नहीं दे पाए, जिसके बाद 27 जुलाई को सीबीआई एसीबी रांची में पति-पत्नी के खिलाफ गैर-कानूनी तरीके से संपत्ति बनाने की प्राथमिकी दर्ज की गई। इस हाई-प्रोफाइल मामले के अनुसंधान की जिम्मेदारी सीबीआई एसीबी के पुलिस निरीक्षक रवि शंकर प्रसाद को सौंपी गई है। पटना-रांची में जमीन-मकान के दस्तावेज मिले 24 अप्रैल 2026 को शिकायतकर्ता से उसका आवंटित काम जारी रखने के बदले 1 लाख रुपए की रिश्वत लेते मैनेजर रवि रंजन कुमार रंगे हाथ गिरफ्तार हुए थे। गिरफ्तारी के तुरंत बाद सीबीआई ने मैनेजर के आवास पर छापेमारी की, जहां से 22 लाख रुपए कैश, 15 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और 70 लाख रुपए मूल्य की अचल संपत्तियों के कागजात बरामद हुए। बरामद दस्तावेजों से पता चला कि मैनेजर ने पटना, प्रयागराज और रांची जैसे प्रमुख शहरों में बेशकीमती जमीन और मकान खरीदे हैं। 27 जुलाई 2026 को घूसकांड के बाद शुरू हुई डीए जांच के आधार पर सीबीआई ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत एक और नई एफआईआर दर्ज की। के खिलाफ गैर-कानूनी तरीके से संपत्ति बनाने की प्राथमिकी दर्ज की गई। इस हाई-प्रोफाइल मामले के अनुसंधान की जिम्मेदारी सीबीआई एसीबी के पुलिस निरीक्षक रवि शंकर प्रसाद को सौंपी गई है। सीबीआई ने 1 अप्रैल 2022 से 24 अप्रैल 2026 तक की अवधि को चेक पीरियड मानकर पूरा कच्चा-चिट्ठा खंगाला है। इसमें कुल वैध आय 86,23,448 (सभी वैध स्रोतों से) मिली। जबकि इस अवधि में कुल खर्च 93,56,500.76 (जो आय से भी ज्यादा था) था। वहीं बनाई गई कुल संपत्तियां 1,04,02,151.70 (चल-अचल) पाई गईं। कुल बेनामी/अवैध संपत्ति 1,11,35,204.42 (आय से 129.12% अधिक) पाई गई। उनकी पत्नी प्रीति कुमारी गृहिणी हैं, इसके बावजूद उनके नाम पर करोड़ों की संपत्तियां खरीदी गईं।

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