मधुबनी न्यायालय ने हरलाखी थाना क्षेत्र के एक हत्या मामले में आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मधुबनी के पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने शनिवार शाम 6 बजे इस फैसले की जानकारी दी। पुलिस अधीक्षक के अनुसार, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-III, मधुबनी के न्यायालय ने हरलाखी थाना कांड संख्या 222/24 में सुनवाई पूरी होने के बाद ललबाबू यादव को दोषी ठहराया। न्यायालय ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) के तहत आजीवन कारावास और 22 हजार रुपये का अर्थदंड सुनाया है। दोषी की पहचान हरलाखी थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव निवासी हिताय यादव के पुत्र ललबाबू यादव के रूप में हुई है। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों, गवाहों के बयानों और अनुसंधान के दौरान प्रस्तुत तथ्यों के आधार पर उसे दोषी मानते हुए यह सजा सुनाई। पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने बताया कि पुलिस की प्रभावी अनुसंधान कार्रवाई और अभियोजन पक्ष की सशक्त पैरवी के कारण इस मामले में दोषसिद्धि सुनिश्चित हो सकी। उन्होंने जोर दिया कि गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाना पुलिस की प्राथमिकता है, जिससे समाज में कानून के प्रति विश्वास मजबूत होता है। मामले की सुनवाई के दौरान, अपर लोक अभियोजक जगदीश प्रसाद यादव ने अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में प्रभावी ढंग से पक्ष रखा। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों और तर्कों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषी मानते हुए शनिवार दोपहर करीब 3 बजे सजा का आदेश पारित किया। पुलिस अधीक्षक ने दोहराया कि मधुबनी पुलिस अपराध नियंत्रण और अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि न्यायालय का यह फैसला अपराधियों के लिए एक कड़ा संदेश है कि गंभीर अपराध करने वालों को कानून के दायरे में लाकर सख्त सजा दिलाई जाएगी।
हत्या के दोषी को आजीवन कारावास:मधुबनी कोर्ट ने 22 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया
मधुबनी न्यायालय ने हरलाखी थाना क्षेत्र के एक हत्या मामले में आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मधुबनी के पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने शनिवार शाम 6 बजे इस फैसले की जानकारी दी। पुलिस अधीक्षक के अनुसार, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-III, मधुबनी के न्यायालय ने हरलाखी थाना कांड संख्या 222/24 में सुनवाई पूरी होने के बाद ललबाबू यादव को दोषी ठहराया। न्यायालय ने आरोपी को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) के तहत आजीवन कारावास और 22 हजार रुपये का अर्थदंड सुनाया है। दोषी की पहचान हरलाखी थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव निवासी हिताय यादव के पुत्र ललबाबू यादव के रूप में हुई है। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों, गवाहों के बयानों और अनुसंधान के दौरान प्रस्तुत तथ्यों के आधार पर उसे दोषी मानते हुए यह सजा सुनाई। पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने बताया कि पुलिस की प्रभावी अनुसंधान कार्रवाई और अभियोजन पक्ष की सशक्त पैरवी के कारण इस मामले में दोषसिद्धि सुनिश्चित हो सकी। उन्होंने जोर दिया कि गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाना पुलिस की प्राथमिकता है, जिससे समाज में कानून के प्रति विश्वास मजबूत होता है। मामले की सुनवाई के दौरान, अपर लोक अभियोजक जगदीश प्रसाद यादव ने अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में प्रभावी ढंग से पक्ष रखा। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों और तर्कों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषी मानते हुए शनिवार दोपहर करीब 3 बजे सजा का आदेश पारित किया। पुलिस अधीक्षक ने दोहराया कि मधुबनी पुलिस अपराध नियंत्रण और अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि न्यायालय का यह फैसला अपराधियों के लिए एक कड़ा संदेश है कि गंभीर अपराध करने वालों को कानून के दायरे में लाकर सख्त सजा दिलाई जाएगी।

