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गयाजी में लगातार बारिश और संभावित जलभराव को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। जिलाधिकारी शशांक शुभंकर ने सभी ग्रामीण कार्य विभाग और पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंताओं को अपने-अपने कार्यक्षेत्र की सड़कों की लगातार निगरानी करने का निर्देश दिया है। उन्होंने क्षतिग्रस्त सड़कों या कटाव की स्थिति में तत्काल मरम्मत सुनिश्चित करने को कहा। जिलाधिकारी ने बताया कि गया से सटे झारखंड राज्य में लगातार बारिश के कारण फल्गु नदी सहित अन्य नदियों का जलस्तर बढ़ने की संभावना है। जलस्तर बढ़ने से नदी किनारे की सड़कों और पुलों के एप्रोच रोड पर कटाव का खतरा बना रहता है। उन्होंने अभियंताओं को सतर्क रहने, नियमित निरीक्षण करने और किसी भी क्षति पर तुरंत मरम्मत शुरू कर आवागमन बाधित न होने देने के निर्देश दिए। बारिश के कारण गड्ढा बना जिलाधिकारी को डुमरिया-इमामगंज मुख्य सड़क पर रचकेल पुल के पास एप्रोच सड़क के क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिली है, जहां बारिश के कारण गड्ढा बन गया है। इस पर संज्ञान लेते हुए उन्होंने पथ निर्माण विभाग, शेरघाटी के कार्यपालक अभियंता को 24 घंटे के भीतर युद्धस्तर पर मरम्मत काम पूरा कर सुरक्षित आवागमन बहाल करने का निर्देश दिया। इसके अलावा, इमामगंज क्षेत्र में पोखरी से उमन जाने वाली मुख्य सड़क पर भी वर्षा के कारण दो स्थानों पर सड़क कटाव की सूचना है। पहला कटाव पोखरी नदी के पास और दूसरा उमन गांव के पास हुआ है। जिलाधिकारी ने ग्रामीण कार्य विभाग, इमामगंज के कार्यपालक अभियंता को इन दोनों स्थानों पर तत्काल मरम्मत काम शुरू कर 24 घंटे के भीतर सड़क को आवागमन योग्य बनाने का निर्देश दिया है, ताकि स्थानीय लोगों को असुविधा न हो। जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि वर्षा ऋतु के दौरान सड़क सुरक्षा और आमजन की सुविधा जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय स्थापित करते हुए संवेदनशील स्थलों की नियमित निगरानी करें और आवश्यकतानुसार मशीनरी, निर्माण सामग्री व मानवबल की उपलब्धता सुनिश्चित रखें। किसी भी स्थान पर सड़क धंसने, कटाव होने या यातायात बाधित होने की सूचना मिलने पर बिना विलंब कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि सभी कार्यपालक अभियंता अपने-अपने क्षेत्र में बारिश से प्रभावित सड़कों का नियमित निरीक्षण कर पोजाना स्थिति रिपोर्ट जिला प्रशासन को उपलब्ध कराएं, ताकि आवश्यकतानुसार निर्णय लेकर आमजन को सुरक्षित और निर्बाध यातायात सुविधा उपलब्ध कराई जा सके। जिला प्रशासन ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि बारिश के दौरान क्षतिग्रस्त सड़कों अथवा जलभराव वाले मार्गों पर सावधानीपूर्वक आवागमन करें और किसी भी प्रकार की सड़क क्षति की सूचना तत्काल संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को दें।

