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पाकुड़ जिला मुख्यालय में वर्षों से अधूरी पड़ी शहरकोल-पियादापुर बाईपास सड़क के निर्माण का रास्ता एक बार फिर साफ होता दिख रहा है। जिला प्रशासन ने सड़क निर्माण की प्रक्रिया में तेजी लाने की पहल की है। उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को संबंधित जमीन मालिकों को नियमानुसार जल्द मुआवजा उपलब्ध कराने और भू-अर्जन से जुड़ी समस्याओं का शीघ्र निपटारा करने का निर्देश दिया है। करीब 45 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली यह बाईपास सड़क लगभग छह किलोमीटर लंबी होगी और 13 मौजों से होकर गुजरेगी। भू-अर्जन और मुआवजे के कारण अटका था काम बाईपास सड़क का निर्माण लंबे समय से भू-अर्जन और रैयतों को मुआवजा दिए जाने की प्रक्रिया के कारण अटका हुआ था। सड़क पूरी नहीं होने से शहर से गुजरने वाले वाहनों का दबाव मुख्य सड़क पर बना रहता है। इससे यातायात व्यवस्था प्रभावित होने के साथ वाहन चालकों को भी परेशानी होती है। अब प्रशासन ने भू-अर्जन की प्रक्रिया को प्राथमिकता देते हुए संबंधित रैयतों को नियमानुसार मुआवजा देने की कार्रवाई तेज कर दी है। प्रशासन की ओर से सड़क निर्माण के लिए सभी जरूरी तैयारियां भी की जा रही हैं। नो-एंट्री से बढ़ी परेशानी, बाईपास की जरूरत महसूस हुई पाकुड़ शहर की यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए जिला प्रशासन ने कुछ दिन पहले मुख्य सड़क पर सुबह छह बजे से रात 10:30 बजे तक व्यावसायिक वाहनों के लिए नो-एंट्री लागू की थी। आम लोगों ने इसे यातायात व्यवस्था के लिहाज से राहत देने वाला कदम माना, लेकिन व्यवसायियों और खासकर ट्रक मालिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शहर में मुख्य रूप से एक ही सड़क है, जिससे होकर व्यावसायिक वाहन पश्चिम बंगाल, बिहार और दूसरे राज्यों तक जाते हैं। पाकुड़ से गिट्टी की ढुलाई भी दूसरे राज्यों के लिए होती है। नो-एंट्री के कारण वाहनों को लंबे समय तक खड़ा रहना पड़ता है, जिससे वाहन मालिकों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। बाईपास बनने से शहर के यातायात पर घटेगा दबाव शहरकोल-पियादापुर बाईपास के निर्माण से व्यावसायिक और दूसरे भारी वाहनों को शहर के मुख्य हिस्से से गुजरने की जरूरत कम होगी। इससे शहर की यातायात व्यवस्था सुचारु होने की उम्मीद है। बाईपास बनने के बाद दूसरे राज्यों की ओर जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध होगा और शहर के अंदर जाम की समस्या कम करने में मदद मिलेगी। उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा है कि बाईपास सड़क का निर्माण जल्द शुरू हो, इसके लिए प्रयास तेज किए गए हैं। भू-अर्जन से जुड़ी सभी समस्याओं को तत्काल दूर करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन की ओर से संबंधित रैयतों को नियमानुसार मुआवजा उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जा रही है।
पाकुड़ में 45 करोड़ से बनेगी बाईपास सड़क:भू-अर्जन-मुआवजे के कारण अटका था काम, 13 मौजों से होकर गुजरेगी 6 किमी सड़क
