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गया के शेरघाटी थाना क्षेत्र के महमदपुर गांव के पास बुढ़िया नदी में बुधवार शाम नहाने के दौरान छह साल के बच्चे की डूबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि बालू खनन से बने गहरे गड्ढे में जाने से बच्चा डूब गया। करीब चार घंटे की तलाश के बाद ग्रामीणों ने उसका शव बरामद किया। मृतक की पहचान महमदपुर निवासी प्रमोद मांझी के छह वर्षीय बेटे प्रेम कुमार के रूप में हुई है। शव मिलने के बाद परिजन उसे अनुमंडल अस्पताल, शेरघाटी लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। बच्चे की मौत की खबर मिलते ही अस्पताल में परिजनों के बीच चीख-पुकार मच गई। दो-तीन बच्चों के साथ नदी में नहाने गया था प्रेम मृतक के पिता प्रमोद मांझी और परिजनों के अनुसार, प्रेम बुधवार को दो-तीन बच्चों के साथ बुढ़िया नदी में नहाने गया था। नहाने के दौरान अचानक उसका पैर फिसल गया और वह नदी में बने गहरे गड्ढे में चला गया। साथ मौजूद बच्चों ने उसे डूबते देखा तो शोर मचाया। आवाज सुनकर गांव के लोग नदी की तरफ दौड़े। कुछ ही देर में वहां ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। स्थानीय तैराक नदी में उतरे और बच्चे की तलाश शुरू कर दी। सूचना मिलने पर शेरघाटी थाना की पुलिस भी मौके पर पहुंची। अवर निरीक्षक पूजा कुमारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने ग्रामीणों की मदद से खोजबीन कराई। एसडीआरएफ के पहुंचने से पहले ग्रामीणों ने ढूंढ निकाला शव प्रशासन की ओर से बच्चे की तलाश के लिए एसडीआरएफ की टीम को बुलाया गया था। टीम के पहुंचने का इंतजार किया जा रहा था। इस बीच स्थानीय तैराक और ग्रामीण लगातार नदी में तलाश करते रहे। करीब चार घंटे बाद गहरे पानी में बने गड्ढे से प्रेम का शव बरामद कर लिया गया। शव बाहर निकलते ही नदी किनारे चीख-पुकार मच गई। परिजन फूट-फूटकर रोने लगे। घटना के बाद महमदपुर समेत आसपास के गांवों में मातम पसरा है। बालू खनन के गड्ढों को लेकर ग्रामीणों में गुस्सा हादसे के बाद ग्रामीणों ने नदी में बालू खनन के बाद बने गहरे गड्ढों को लेकर नाराजगी जताई। ग्रामीणों का कहना है कि नदी में कई जगह बालू निकालने के बाद गहरे गड्ढे बन गए हैं। बारिश के बाद इनमें पानी भर गया है और बाहर से पानी की गहराई का अंदाजा नहीं लगता। ग्रामीणों का कहना है कि नदी में बने ऐसे गड्ढे बच्चों के लिए जानलेवा हैं। उन्होंने बालू खनन की जांच कराने, नदी में बने गहरे गड्ढों को चिन्हित करने और वहां सुरक्षा के जरूरी इंतजाम कराने की मांग की है। बीडीओ बोले- एसडीआरएफ की टीम बुलाई गई थी बीडीओ विनोद कुमार ने बताया कि बच्चे की तलाश के लिए एसडीआरएफ की टीम को बुलाया गया था। प्रशासन घटना के कारणों की जानकारी जुटा रहा है। बालू खनन को लेकर ग्रामीणों की शिकायतों की भी जानकारी ली जा रही है। कानूनी प्रक्रिया के बाद मिलेगा मुआवजा सीओ उषा कुमारी ने बताया कि घटना के बाद आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। नियमानुसार मृत बच्चे के आश्रित को मुआवजा दिया जाएगा।
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