मुजफ्फरपुर में बकरीद की नमाज के बाद राष्ट्रीय जनता दल के एमएलसी कारी सुहैब ने केंद्र सरकार से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि अगर सरकार गाय को माता मानती है तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित करने में क्या दिक्कत है। अगर सरकार इस दिशा में कदम नहीं उठाती है तो राजद इस मुद्दे को लेकर जन आंदोलन करेगा। बीजेपी के नेता सिर्फ गाय के नाम पर राजनीति करते हैं, जबकि सबसे ज्यादा गौ तस्करी बीजेपी शासित राज्यों में होती है। लंबे समय से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग उठाते रहे हैं। राजद इस मुद्दे पर गंभीर है और अब इसे जन आंदोलन का रूप दिया जाएगा। हिंदू समाज की भावनाओं का सम्मान करते हुए गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किया जाना चाहिए। अगर बीजेपी और हिंदू संगठन गाय को माता मानते हैं तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित करने में परेशानी क्यों है। जनता का समर्थन मिला तो हम इस अभियान को बड़ा रूप देंगे। ‘बीजेपी के लोग सिर्फ राजनीति करते हैं’ राजद एमएलसी ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी और उससे जुड़े संगठन सिर्फ हिंदू-मुस्लिम की राजनीति करते हैं। बीजेपी के लोग न तो सच्चे सनातनी हैं और न ही भगवान राम में उनकी सच्ची आस्था है। गाय के नाम पर लोगों को गुमराह किया जाता है और राजनीतिक लाभ लिया जाता है। अगर बीजेपी के लोग गाय को माता मानते हैं तो उसकी रक्षा के लिए ठोस कानून क्यों नहीं बनाते। ये लोग सिर्फ दिखावा करते हैं और समाज में सांप्रदायिक माहौल खराब करने का काम करते हैं। ‘मोदी सरकार में सबसे ज्यादा बीफ निर्यात’ कारी सुहैब ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासनकाल में देश दुनिया का सबसे बड़ा बीफ निर्यातक बना है। बीजेपी शासित राज्यों में सबसे ज्यादा गौ तस्करी होती है। दावा किया कि बीजेपी के कई नेताओं पर भी इस तरह के आरोप लग चुके हैं। बीजेपी के लोग एक तरफ गाय की रक्षा की बात करते हैं और दूसरी तरफ उन्हीं के शासन में सबसे ज्यादा गौ मांस का निर्यात होता है। देश की जनता को यह सच समझना चाहिए। बंगाल और बीजेपी नेताओं पर भी साधा निशाना राजद एमएलसी ने पश्चिम बंगाल की राजनीति का जिक्र करते हुए कहा कि वहां भी गाय के नाम पर राजनीति की जा रही है। कुछ नेता पहले बकरीद पर रोक की बात करते हैं। बाद में बूढ़ी गायों को काटने की अनुमति देने की वकालत करते हैं। बीजेपी के लोग गाय और हिंदू भावनाओं का इस्तेमाल सिर्फ वोट की राजनीति के लिए करते हैं। गाय की रक्षा को लेकर अगर केंद्र सरकार गंभीर है तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित कर सख्त कानून बनाना चाहिए।
'गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित कीजिए..नहीं तो बड़ा आंदोलन होगा':मुजफ्फरपुर में RJD एमएलसी ने उठाई मांग, कारी सुहैब बोले- बीजेपी के लोग सिर्फ राजनीति करते हैं
मुजफ्फरपुर में बकरीद की नमाज के बाद राष्ट्रीय जनता दल के एमएलसी कारी सुहैब ने केंद्र सरकार से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि अगर सरकार गाय को माता मानती है तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित करने में क्या दिक्कत है। अगर सरकार इस दिशा में कदम नहीं उठाती है तो राजद इस मुद्दे को लेकर जन आंदोलन करेगा। बीजेपी के नेता सिर्फ गाय के नाम पर राजनीति करते हैं, जबकि सबसे ज्यादा गौ तस्करी बीजेपी शासित राज्यों में होती है। लंबे समय से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग उठाते रहे हैं। राजद इस मुद्दे पर गंभीर है और अब इसे जन आंदोलन का रूप दिया जाएगा। हिंदू समाज की भावनाओं का सम्मान करते हुए गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किया जाना चाहिए। अगर बीजेपी और हिंदू संगठन गाय को माता मानते हैं तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित करने में परेशानी क्यों है। जनता का समर्थन मिला तो हम इस अभियान को बड़ा रूप देंगे। ‘बीजेपी के लोग सिर्फ राजनीति करते हैं’ राजद एमएलसी ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी और उससे जुड़े संगठन सिर्फ हिंदू-मुस्लिम की राजनीति करते हैं। बीजेपी के लोग न तो सच्चे सनातनी हैं और न ही भगवान राम में उनकी सच्ची आस्था है। गाय के नाम पर लोगों को गुमराह किया जाता है और राजनीतिक लाभ लिया जाता है। अगर बीजेपी के लोग गाय को माता मानते हैं तो उसकी रक्षा के लिए ठोस कानून क्यों नहीं बनाते। ये लोग सिर्फ दिखावा करते हैं और समाज में सांप्रदायिक माहौल खराब करने का काम करते हैं। ‘मोदी सरकार में सबसे ज्यादा बीफ निर्यात’ कारी सुहैब ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासनकाल में देश दुनिया का सबसे बड़ा बीफ निर्यातक बना है। बीजेपी शासित राज्यों में सबसे ज्यादा गौ तस्करी होती है। दावा किया कि बीजेपी के कई नेताओं पर भी इस तरह के आरोप लग चुके हैं। बीजेपी के लोग एक तरफ गाय की रक्षा की बात करते हैं और दूसरी तरफ उन्हीं के शासन में सबसे ज्यादा गौ मांस का निर्यात होता है। देश की जनता को यह सच समझना चाहिए। बंगाल और बीजेपी नेताओं पर भी साधा निशाना राजद एमएलसी ने पश्चिम बंगाल की राजनीति का जिक्र करते हुए कहा कि वहां भी गाय के नाम पर राजनीति की जा रही है। कुछ नेता पहले बकरीद पर रोक की बात करते हैं। बाद में बूढ़ी गायों को काटने की अनुमति देने की वकालत करते हैं। बीजेपी के लोग गाय और हिंदू भावनाओं का इस्तेमाल सिर्फ वोट की राजनीति के लिए करते हैं। गाय की रक्षा को लेकर अगर केंद्र सरकार गंभीर है तो उसे राष्ट्रीय पशु घोषित कर सख्त कानून बनाना चाहिए।


