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औरंगाबाद में राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर प्रीतमपुर के पास टाइल्स गोदाम की आड़ में गांजा तस्करी का खुलासा हुआ है। विशेष अभियान के तहत मद्य निषेध एवं राज्य स्वापक नियंत्रण ब्यूरो की टीम ने शुक्रवार को छापेमारी कर कुल 2 क्विंटल 25 किलो गांजा बरामद किया। बाजार मूल्य करीब 30 लाख रुपए के करीब है। मामला बारुण थाना क्षेत्र से जुड़ा है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि तस्करी के लिए टाइल्स दुकान की आड़ में गोदाम किराए पर लिया गया था। गोदाम के अंदर गांजा छिपाकर रखा जाता था। बाहर से सामान्य कारोबारी गतिविधि दिखाई देने के कारण तस्करी के इस ठिकाने पर आसानी से लोगों का ध्यान नहीं जाता था। उत्पाद विभाग की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई की। सुरेश सिंह और प्रेम कुमार की गिरफ्तारी के बाद मिला सुराग गांजा तस्करी के इस मामले की जांच के दौरान पूर्व में गिरफ्तार किए गए सुरेश सिंह और प्रेम कुमार से जुड़े मामले की कड़ियां भी सामने आई हैं। खबर के अनुसार, कुछ समय पहले गांजा तस्करी के एक मामले में इन दोनों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। उस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही थी। जांच के दौरान बिक्की कुमार और रोशन कुमार के गांजे की खरीद-बिक्री में शामिल होने की जानकारी मिली थी। इसके बाद जांच टीम ने प्रीतमपुर के समीप स्थित गोदाम पर छानबीन शुरू की। जांच में पता चला कि आरोपियों ने टाइल्स दुकान की आड़ में गोदाम किराए पर लिया था। गोदाम के अंदर बड़ी मात्रा में गांजा छिपाकर रखा गया था। हालांकि, छापेमारी के दौरान संबंधित लोगों के मौके से फरार हो जाने के कारण उनकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी। जांच अधिकारियों को आशंका है कि छापेमारी से पहले ही गोदाम से गांजे की कुछ खेप दूसरी जगह स्थानांतरित कर दी गई थी। इस बिंदु पर भी जांच की जा रही है। इंस्पेक्टर नवीन कुमार सिंह के नेतृत्व में कार्रवाई छापेमारी अभियान में उत्पाद विभाग के इंस्पेक्टर नवीन कुमार सिंह, सब इंस्पेक्टर राजेश कुमार और सिपाही गौतम कुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। टीम ने गोदाम की तलाशी लेकर गांजे की खेप बरामद की। अधिकारियों के अनुसार, मामले की विस्तृत जांच की जा रही है। तस्करी में शामिल लोगों की भूमिका स्पष्ट होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में मादक पदार्थों की तस्करी को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग के समीप गोदाम की आड़ में इतनी बड़ी मात्रा में गांजा जमा किए जाने से तस्करी के तौर-तरीकों का पता चलता है। अब जांच का मुख्य बिंदु यह है कि गांजा कहां से लाया गया था, इसकी आपूर्ति किन लोगों को की जानी थी और इस कारोबार में कितने लोग शामिल हैं। फिलहाल, 2 क्विंटल 25 किलो गांजे की बरामदगी के बावजूद तस्करी के पूरे नेटवर्क का खुलासा होना बाकी है।
औरंगाबाद में टाइल्स गोदाम की आड़ में तस्करी:2 क्विंटल 25 किलो गांजा बरामद, कीमत करीब 30 लाख रुपए; तस्करों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी
