गुमला जिले के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत कोटेंग सेरा गांव निवासी 62 वर्षीय पातू खड़िया की अंधविश्वास में हत्या कर दी गई। उन्हें डायन का आरोप लगाकर बेरहमी से मारपीट कर मौत के घाट उतारा गया। मृतक के परिजन मंगरा खड़िया ने बताया कि बुधवार-गुरुवार की देर रात करीब 9-10 बजे गांव का बहुरा उरांव कुछ अन्य लोगों के साथ नशे की हालत में पातू खड़िया के घर पहुंचा। उसने गाली-गलौज करते हुए पातू खड़िया के साथ मारपीट की, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। मंगरा खड़िया के अनुसार, घटना के समय पातू खड़िया घर में अकेले थे। आरोपी बहुरा उरांव के बच्चे अक्सर बीमार रहते थे, जिसके चलते वह पातू खड़िया पर जादू-टोना करने का आरोप लगाता था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था, और इसी वजह से बहुरा उरांव ने इस वारदात को अंजाम दिया। सूचना मिलने पर गुमला सदर थाना की एसआई वशिता कुमारी मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने गुरुवार को शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहन छानबीन में जुट गई है।
गुमला में अंधविश्वास में 62 वर्षीय वृद्ध की हत्या:मारपीट के बाद आरोपी फरार, जादू-टोना करने का आरोप लगा अक्सर करता था विवाद
गुमला जिले के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत कोटेंग सेरा गांव निवासी 62 वर्षीय पातू खड़िया की अंधविश्वास में हत्या कर दी गई। उन्हें डायन का आरोप लगाकर बेरहमी से मारपीट कर मौत के घाट उतारा गया। मृतक के परिजन मंगरा खड़िया ने बताया कि बुधवार-गुरुवार की देर रात करीब 9-10 बजे गांव का बहुरा उरांव कुछ अन्य लोगों के साथ नशे की हालत में पातू खड़िया के घर पहुंचा। उसने गाली-गलौज करते हुए पातू खड़िया के साथ मारपीट की, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। मंगरा खड़िया के अनुसार, घटना के समय पातू खड़िया घर में अकेले थे। आरोपी बहुरा उरांव के बच्चे अक्सर बीमार रहते थे, जिसके चलते वह पातू खड़िया पर जादू-टोना करने का आरोप लगाता था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होता था, और इसी वजह से बहुरा उरांव ने इस वारदात को अंजाम दिया। सूचना मिलने पर गुमला सदर थाना की एसआई वशिता कुमारी मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने गुरुवार को शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहन छानबीन में जुट गई है।


